नई दिल्लीः भारत अपनी आजादी के 77वें स्वतंत्रता दिवस के जश्न में मशगूल है. मुस्लिमों के लिए अलग देश की मांग करने वाले मोहम्मद अली जिन्ना इस कड़ी में पहले शख्स थे. लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी कि मोहम्मद अली जिन्ना का जन्म गुजरात के हिंदू परिवार में हुआ था. मुस्लिमों के लिए अलग राष्ट्र की मांग की सनक ने उन्होंने भारत का बंटवारा तक करा दिया था. जिन्ना विभाजित पाकिस्तान के पहले कायदे आजम बने थे.आज हम आपको जिन्ना के गुजरात कनेक्शन और जेनाभाई से जिन्ना बनने तक के सफर को बताने जा रहे हैं.
राजकोट में हुआ था जन्म
गुजरात के राजकोट में मौजूद पानेली गांव में जिन्ना का जन्म हुआ था. यह गांव राजकोट के उपलेटा तहसील में स्थित है. यह गांव यूपी बिहार के गांवों से बिलकुल अलग है . इसमें शहरों की तरह दुकानें हैं,शहरों जैसी सुविधाएं हैं. गांव के अंदर साफ और चौड़ी सड़कें बनी हुई हैं.
हिंदू धर्म से अपनाया इस्लाम
मोहम्मद अली जिन्ना के दादा पूंजाभाई ठक्कर हिंदू धर्म के अनुयायी थे. गांववालों के मुताबिक पूंजाभाई ठक्कर का परिवार भगवान कृष्ण का अनन्य भक्त था. सवाल उठता है कि आखिर जिन्ना का परिवार मुसलमान कैसे बन गया? इसका जवाब गांव के एक शख्स ने देते हुए कहा कि उनके परिवार ने मछलियों का व्यवसाय करना शुरु कर दिया था. जिस वजह से गांव के लोगों ने उन्हें हिंदू धर्म से निकाल दिया था. इसके बाद उनके परिवार ने इस्लाम धर्म को अपना लिया था.
कराची चला गया परिवार
रिपोर्ट के मुताबिक, गांव के लोगों ने बताया कि जिन्ना के दादा ने फिर से हिंदू धर्म अपनाना चाहा, लेकिन यह संभव नही हो पाया. इसके बाद उनका परिवार कराची चला गया. कराची में जिन्ना के पिता जेनाभाई पूंजा फ्रेडरिक ली क्राफ्ट से मिले. फ्रेडरिक कराची में डगलस ग्राहम एंड कंपनी में महाप्रबंधक थे. फ्रेडरिक की सलाह पर ही जिन्ना के पिता ने उन्हें लंदन में बिजनेस की पढ़ाई के लिए भेजा था.
जेनाभाई से बन गए जिन्ना
प्रेडरिक की सलाह पर ही जिन्ना को लंदन भेजा गया था. यहीं पर जिन्ना ने अपना नाम जेनाभाई से हटाकर जिन्ना रख लिया था. इस्लाम धर्म अपनाने के बाद भी जेनाभाई के परिवार ने परवरिश हिंदू धर्म के मुताबिक की. जिन्ना शुरू से ही खुले विचारों के व्यक्ति थे. जिन्ना ने भले ही धर्म के आधार पर इस देश को टुकड़ों में बांटा हो, लेकिन उन्होंने कभी भी इस धर्म को खुद नहीं माना. वे इस्लामी रीति और रिवाजों का पालन नहीं करते थे. रिपोर्ट के अनुसार, वे सूअर का गोश्त खाते थे और शराब पीते थे.
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