नई दिल्ली: बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री ने एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की हालिया मस्जिद टिप्पणी को लेकर उन पर निशाना साधा है. धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि यह ओवैसी के डर को दर्शाता है और यह बना रहना चाहिए. हम मस्जिदों पर मंदिर नहीं बनाना चाहते बल्कि मंदिरों का पुनर्निर्माण करना चाहते हैं. अगर उन्हें यह डर है तो मैं प्रार्थना करता हूं कि यह डर उनके अंदर बना रहे.
#WATCH | On the statement of AIMIM chief Asaduddin Owaisi, Bageshwar Dham's Dhirendra Shastri says, "...This just shows his fear...We don't want to build temples on Masjids but want to reconstruct temples..." pic.twitter.com/qSfNq5DCDe
— ANI (@ANI) January 5, 2024
जैसे-जैसे राम मंदिर का उद्घाटन नजदीक आ रहा है, ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी के बयानों की धार नुकीली होती जा रही है. ओवैसी ने मुस्लिम समुदाय के युवाओं से केंद्र सरकार की गतिविधियों पर नजर रखने की अपील की और कहा कि देश में मस्जिदें आबाद रहनी चाहिए.
बाबरी मस्जिद को लेकर असदुद्दीन ओवैसी ने कहा "जिस जगह पर पिछले 500 सालों से पवित्र कुरान पढ़ी जाती थी, वह जगह अब उनके हाथ में नहीं है. मैं आपको बता रहा हूं, हमने अपनी मस्जिद खो दी है और आप देख रहे हैं कि वहां क्या किया जा रहा है। क्या आपके दिल में दर्द नहीं है? युवा मुसलमानों को सतर्क और एकजुट रहना होगा. अपना समर्थन और ताकत बनाए रखें, अपनी मस्जिदों को आबाद रखें. ऐसा हो सकता है कि ये मस्जिदें हमसे छीन ली जाएं. मुझे उम्मीद है कि आज का युवा, जो कल का बूढ़ा व्यक्ति होगा, अपनी नजरें आगे रखेगा और इस बारे में गंभीरता से सोचेगा कि वह कैसे अपनी, अपने परिवार की, अपने शहर की और अपने पड़ोस की मदद कर सकते हैं. एकता एक ताकत है, एकता एक वरदान है.''
ज्ञानवापी मामले और मथुरा जन्मभूमि के बारे में धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि इसमें कोई राय नहीं है, यह साबित हो गया है कि ज्ञानवापी में भगवान शिव हैं और कृष्ण जन्मभूमि कन्हैया की है. इन मामलों में राय की कोई जरूरत नहीं है. भारत में कानून और सुप्रीम कोर्ट है. फिलहाल एएसआई की रिपोर्ट से यहां सनातन का मंदिर होने का प्रमाण मिलता है. मुगलों अकबर, बाबर ने अतीत में हमारे हिंदू मंदिरों पर हमला किया था और आज घाव भर रहे हैं.