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India Daily

कांग्रेस नेता सैम पित्रोदा के चीन पर दिए विवादित बयान से सियासत तेज, BJP ने कांग्रेस पर ली चुटकी

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सैम पित्रोदा ने चीन के खतरे को अतिरंजित करने का आरोप लगाया और इसे दुश्मन मानने से परहेज करने की सलाह दी. इस पर बीजेपी ने कांग्रेस पर चीन के प्रति अति उत्साह का आरोप लगाते हुए 2008 के समझौता ज्ञापन का उल्लेख किया.

Ritu Sharma
Edited By: Ritu Sharma
कांग्रेस नेता सैम पित्रोदा के चीन पर दिए विवादित बयान से सियासत तेज, BJP ने कांग्रेस पर ली चुटकी
Courtesy: Social Media

Sam Pitroda Statement: इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के अध्यक्ष सैम पित्रोदा ने भारत-चीन सीमा विवाद को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि चीन से खतरे को बढ़ा-चढ़ाकर दिखाया जाता है और भारत का टकरावपूर्ण रुख ही समस्या की जड़ है. भाजपा ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी.

पित्रोदा का बयान - ''चीन को दुश्मन मानना गलत''

आपको बता दें कि सैम पित्रोदा ने कहा, ''मुझे चीन से किसी तरह का खतरा नजर नहीं आता. यह मुद्दा अक्सर बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जाता है, क्योंकि अमेरिका में एक दुश्मन गढ़ने की प्रवृत्ति है.'' उन्होंने आगे कहा कि सभी देशों को सहयोग की भावना से आगे बढ़ना चाहिए. वहीं उन्होंने भारत के रवैये पर सवाल उठाते हुए कहा, "हमारा दृष्टिकोण शुरू से ही टकरावपूर्ण रहा है, जिससे नए दुश्मन पैदा होते हैं और देश के भीतर समर्थन जुटाने के लिए डर का माहौल बनाया जाता है."

भाजपा का तीखा पलटवार

बताते चले कि सैम पित्रोदा के इस बयान पर भाजपा ने तुरंत प्रतिक्रिया दी. भाजपा प्रवक्ता तुहिन सिन्हा ने एक्स पोस्ट में लिखा, ''जिन लोगों ने हमारी 40,000 वर्ग किलोमीटर जमीन चीन को दे दी, उन्हें आज भी ड्रैगन से कोई खतरा नहीं दिखता.'' वहीं उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा, ''कोई आश्चर्य नहीं कि राहुल गांधी चीन से डरते हैं और IMEEC की घोषणा से ठीक पहले BRI का समर्थन कर रहे थे. कांग्रेस और चीन के बीच 2008 में हुआ गुप्त एमओयू ही इस झुकाव की जड़ है.''

प्रदीप भंडारी का आरोप - 'चीन के एजेंट के रूप में काम कर रही कांग्रेस'

इसके अलावा, भाजपा प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने भी कांग्रेस पर हमला बोला. उन्होंने कहा, ''कांग्रेस पार्टी, राहुल गांधी और जॉर्ज सोरोस चीन के एजेंट की तरह काम कर रहे हैं. 2008 का कांग्रेस-सीसीपी एमओयू अब तक सार्वजनिक नहीं किया गया है.'' उन्होंने आरोप लगाया कि डोकलाम विवाद के समय राहुल गांधी चीन के राजदूत से गुप्त बैठक कर रहे थे. भंडारी ने कहा, ''सैम पित्रोदा के बयान से साफ है कि कांग्रेस का चीन के प्रति नरम रुख है.''

ट्रम्प की मध्यस्थता की पेशकश

इस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिका यात्रा के दौरान पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने भारत-चीन सीमा विवाद पर मध्यस्थता की पेशकश की. ट्रम्प ने कहा, ''सीमा पर झड़पें काफी क्रूर हैं और यदि मैं मदद कर सकता हूं, तो मुझे खुशी होगी. इसे रोका जाना चाहिए." उन्होंने रूस-यूक्रेन संघर्ष में भी चीन की भूमिका पर जोर देते हुए कहा, "चीन एक अहम खिलाड़ी है और वह इस युद्ध को खत्म करने में मदद कर सकता है.''