'अकेलापन महसूस हो रहा है', असम कांग्रेस के दो बड़े नेताओं ने दिया इस्तीफा; मल्लिकार्जुन खरगे को लिखे पत्र में बताया 'दर्द'
असम में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका मिला है. कांग्रेस के दो बड़े नेताओं ने पार्टी छोड़ने का फैसला लिया है.
असम में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले बड़ा उथल-पुथल हुआ है. कांग्रेस पार्टी को बड़ा झटका तब लगा जब नगांव से सांसद प्रद्युत बोरदोलोई और असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष नवज्योति तालुकदार ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया. चुनाव से ठीक पहले दो नेताओं का इस्तीफा आने के पीछे पार्टी में टिकट बंटवारे और आंतरिक कलह का कारण बताया जा रहा है.
प्रद्युत बोरदोलोई ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को पत्र लिखते हुए कहा कि बहुत दुख के साथ मैं सभी पदों, विशेषाधिकारों और प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा देता हूं. उन्होंने पार्टी में अपमान और नेतृत्व से समर्थन न मिलने की शिकायत की.
इस्तीफा पत्र में क्या लिखा?
बोरदोलोई ने कहा कि मैं जीवन भर कांग्रेस से जुड़ा रहा, अब अकेलापन महसूस हो रहा है. हाल ही में उन्होंने लाहोरीघाट सीट के उम्मीदवार पर आपत्ति जताई थी. इस्तीफे की धमकी भी दी थी. अब उनके इस फैसले से पार्टी को गहरा सदमा लगा है. नवज्योति तालुकदार ने भी इस्तीफा पत्र में साफ लिखा कि मैं उपाध्यक्ष पद, एआईसीसी सदस्यता और प्राथमिक सदस्यता से तत्काल इस्तीफा देता हूं.
उन्होंने भी पार्टी की कार्यप्रणाली पर असंतोष जताया. इस पत्र में उन्होंने समन्वय की कमी और शिकायतों पर कोई कार्रवाई न होने का जिक्र किया. तालुकदार ने कहा कि ऐसी स्थिति में पार्टी में रहना स्वीकार्य नहीं. कांग्रेस के लिए यह तीसरा बड़ा झटका है. फरवरी में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेन कुमार बोराह भी पार्टी छोड़ कर भाजपा में शामिल हो गए थे.
विधानसभा चुनाव की तारीख घोषित
असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई ने कहा कि मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा इसे भुनाने की कोशिश कर रहे हैं. मुख्यमंत्री ने कहा कि बोरदोलोई से संपर्क की संभावना है. चुनाव आयोग ने रविवार को असम विधानसभा चुनाव का ऐलान कर दिया है. जिसके मुताबिक राज्य के सभी 126 सीटों पर एक ही चरण में 9 अप्रैल को मतदान होना है. वहीं वोटों की गिनती 4 मई को होगी. नामांकन वापसी की आखिरी तारीख 26 मार्च है. एनडीए सरकार लगातार तीसरी बार सत्ता में आने की कोशिश में है. 2021 में एनडीए को कुल 75 सीटें मिलीं. इस दौरान भाजपा अकेले 60 सीटों पर जीती थी. वहीं कांग्रेस और सहयोगियों को सिर्फ 16 सीटें मिलीं.
और पढ़ें
- Poco X8 Pro सीरीज भारत में लॉन्च, कीमत 32999 रुपये से शुरू; पढ़ें सभी डिटेल्स
- चैत्र नवरात्रि 2026: पीरियड्स में व्रत रखना ठीक है या नहीं? महिलाएं जानें धार्मिक और वैज्ञानिक नजरिया
- चारधाम के यात्रियों की सुरक्षा के लिए बड़ा फैसला, जानें कब से बनेंगे ग्रीन कार्ड; बाहरी वाहनों को सिर्फ 15 दिन की अनुमति