menu-icon
India Daily

मीठे से तौबा, 6 दिन वर्कआउट... 62 की उम्र में 32 की दिखने के लिए ये रुटीन फॉलो करती हैं नीता अंबानी

नीता अंबानी हफ्ते में पांच से छह दिन वर्कआउट करती हैं. वे एक ही रूटीन को दोहराती नहीं, बल्कि अलग-अलग मसल ग्रुप्स पर फोकस करती हैं. उनके पसंदीदा दिन लेग डे होते हैं. वे कहती हैं- 'मेरे पैर डांसर जैसे मजबूत हैं.' बचपन से ही वे भरतनाट्यम सीखती आ रही हैं. छह साल की उम्र से शुरू किया यह शास्त्रीय नृत्य आज भी उनकी फिटनेस का अहम हिस्सा है.

antima
Edited By: Antima Pal
मीठे से तौबा, 6 दिन वर्कआउट... 62 की उम्र में 32 की दिखने के लिए ये रुटीन फॉलो करती हैं नीता अंबानी
Courtesy: Pinterest

Nita Ambani Fitness Secret: नीता अंबानी 62 साल की उम्र में भी फिटनेस का बेहतरीन उदाहरण पेश कर रही हैं. मई 2025 में उन्होंने अपनी दिनचर्या और खान-पान के बारे में खुलकर बात की. उनका कहना है कि नियमित व्यायाम और संतुलित आहार ही उन्हें ऊर्जावान और स्वस्थ रखता है.

नीता अंबानी की फिटनेस देख हैरान रह जाएंगे आप!

नीता अंबानी हफ्ते में पांच से छह दिन वर्कआउट करती हैं. वे एक ही रूटीन को दोहराती नहीं, बल्कि अलग-अलग मसल ग्रुप्स पर फोकस करती हैं. उनके पसंदीदा दिन लेग डे होते हैं. वे कहती हैं- 'मेरे पैर डांसर जैसे मजबूत हैं.' बचपन से ही वे भरतनाट्यम सीखती आ रही हैं. छह साल की उम्र से शुरू किया यह शास्त्रीय नृत्य आज भी उनकी फिटनेस का अहम हिस्सा है.

 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 

स्ट्रेंथ ट्रेनिंग के साथ वे योग, फ्लेक्सिबिलिटी और कोर स्ट्रेंथ के एक्सरसाइज भी करती हैं. कभी-कभी स्विमिंग और एक्वा एक्सरसाइज भी करती हैं. एक घंटे डांस करना उन्हें बहुत अच्छा लगता है. रोजाना वे करीब पांच से सात हजार कदम चलने की कोशिश करती हैं.

खान-पान की बात करें तो नीता शुद्ध शाकाहारी हैं. वे जैविक और प्राकृतिक भोजन पसंद करती हैं. उनका डाइट बैलेंस्ड रहता है. प्रोटीन पर खास ध्यान देती हैं और चीनी तथा उसके विकल्पों से पूरी तरह दूर रहती हैं.

नीता के लिए फिटनेस सिर्फ शरीर को सुडौल रखने का जरिया नहीं है. वे मानती हैं कि व्यायाम से एंडोर्फिन रिलीज होते हैं, जो तनाव कम करते हैं और मन को सकारात्मक रखते हैं. सक्रिय रहना उन्हें रोजमर्रा की जिंदगी में स्टैमिना देता है, खासकर पोते-पोतियों के साथ समय बिताने के लिए.

हालांकि नीता के लिए फिटनेस का मतलब सिर्फ एक खास तरह की शारीरिक बनावट बनाए रखना नहीं है. उनका मानना ​​है कि एक्सरसाइज उनकी मानसिक सेहत में अहम भूमिका निभाती है और उन्हें पूरे दिन पॉज़िटिव रहने में मदद करती है. उन्होंने कहा- 'इससे एंडोर्फिन रिलीज होते हैं, जो 'हैप्पी हार्मोन' हैं और तनाव कम करते हैं.'