रणबीर कपूर जल्द ही अपने करियर के सबसे बड़े किरदारों में से एक में नजर आने वाले हैं. एक्टर फिल्म रामायण पार्ट 1 में भगवान राम की भूमिका निभा रहे हैं. फिल्म को लेकर लंबे समय से दर्शकों के बीच उत्सुकता बनी हुई है. अब सेलिब्रिटी ट्रेनर शिवोहम ने बताया है कि इस किरदार के लिए रणबीर कपूर की तैयारी सिर्फ शारीरिक बदलाव तक सीमित नहीं थी.
शिवोहम ने पंकज शर्मा के साथ अपने यूट्यूब चैनल पर हुई बातचीत में रणबीर की तैयारी से जुड़े कई पहलुओं के बारे में बताया. उनके मुताबिक, भगवान राम जैसे किरदार को पर्दे पर उतारने के लिए एक्टर को अपनी बॉडी के साथ-साथ बॉडी लैंग्वेज और व्यक्तित्व पर भी काम करना पड़ा.
शिवोहम ने बताया कि जब रणबीर ने रामायण की तैयारी शुरू की तो उनके लिए सही पोस्चर और स्क्रीन पर खुद को पेश करने के तरीके पर भी काम किया गया. इसकी वजह यह थी कि भगवान राम का व्यक्तित्व रणबीर के पिछले कई किरदारों से पूरी तरह अलग है. खासकर Animal में निभाए गए रणविजय के किरदार की तुलना में राम का व्यक्तित्व शांत, संयमित और गरिमापूर्ण है. ऐसे में सिर्फ लुक बदलना इस भूमिका के लिए पर्याप्त नहीं था.
ट्रेनर के अनुसार भगवान राम जैसे प्रतिष्ठित किरदार को निभाने के लिए केवल एक्टिंग करना काफी नहीं है. एक्टर को किरदार की मानसिकता और उसके व्यक्तित्व को समझने की जरूरत होती है. शिवोहम ने बताया कि रणबीर के साथ इस बात पर काम किया गया कि उनके चेहरे और शरीर की भाषा में वह शांति दिखाई दे जो भगवान राम के व्यक्तित्व से जुड़ी मानी जाती है.
इसके लिए एक्टर को अपनी सामान्य बॉडी लैंग्वेज में भी बदलाव करना पड़ा. उनका मानना था कि अगर अंदर से किरदार को समझा नहीं गया तो चेहरे पर उस तरह की शांति लाना मुश्किल होगा.
रणबीर की तैयारी में ब्रीदिंग एक्सरसाइज यानी सांस लेने की तकनीक और योग भी शामिल रहे. शिवोहम के मुताबिक, एक्टर के साथ कई स्तरों पर काम किया गया ताकि उनका शरीर और दिमाग दोनों किरदार के अनुरूप तैयार हो सकें. इसके अलावा भगवान राम से जुड़े धर्मग्रंथों और उनकी बैकस्टोरी को समझने पर भी ध्यान दिया गया. यानी तैयारी का उद्देश्य सिर्फ रणबीर के लुक को बदलना नहीं था, बल्कि उनके पूरे व्यक्तित्व को भूमिका के करीब लाना था.