रिटायरमेंट के बाद नियमित कमाई का जरिया तलाशना बहुत जरूरी होता है. लोगों के मन में अक्सर यह डर रहता है कि लगातार पैसे निकालने से उनकी जमा पूंजी एक दिन पूरी तरह खत्म हो जाएगी. लेकिन एक खास रणनीति के तहत, आप हर महीने 1 लाख रुपये निकालने के बावजूद 10 साल बाद अपने फंड में एक भारी-भरकम राशि बचा सकते हैं. इसे ही SWP कहा जाता है, जिसके जरिए आप निवेश को सुरक्षित रखकर नियमित आय पा सकते हैं.
इस गणित को एक उदाहरण से समझें. मान लीजिए आपके पास 1 करोड़ रुपये का फंड है जिसे आपने किसी म्यूचुअल फंड में निवेश किया है. इसके बाद आप हर महीने 1 लाख रुपये का SWP शुरू करते हैं.
यानी 10 साल में 1 करोड़ 20 लाख निकालने के बाद भी आपके पास 1 करोड़ 3 लाख की बची हुई पूंजी सुरक्षित रह सकती है, क्योंकि बचा हुआ पैसा लगातार रिटर्न कमाता रहता है.
एसडब्ल्यूपी म्यूचुअल फंड की एक सुविधा है, जो निवेशकों को एकमुश्त पैसे के बजाय तय समय पर नियमित अंतराल पर निश्चित रकम निकालने की अनुमति देती है. बाकी बचा हुआ पैसा बाजार से जुड़े रिटर्न कमाता रहता है.
इसे शुरू करना बेहद आसान है-
इसका सबसे बड़ा लाभ यह है कि आपका पूरा पैसा एक साथ खत्म नहीं होता और बाकी राशि पर रिटर्न मिलने से फंड बढ़ने की संभावना भी बनी रहती है. लेकिन यह याद रखना जरूरी है कि म्यूचुअल फंड बाजार के जोखिमों के अधीन हैं. 15% का रिटर्न केवल एक उदाहरण है, इसकी कोई गारंटी नहीं होती.
शुरुआती सालों में बाजार में गिरावट आने पर आपकी पूंजी तेजी से घट भी सकती है. इसलिए, अपनी जरूरत, खर्च, उम्र और जोखिम उठाने की क्षमता को देखकर ही निकासी की राशि तय करें. सही योजना और सूझबूझ के साथ एसडब्ल्यूपी का उपयोग करने से रिटायरमेंट के बाद पैसों की चिंता किए बिना एक बेहतरीन नियमित आय का स्रोत तैयार किया जा सकता है.