हर कार मालिक चाहता है कि उसकी गाड़ी कम ईंधन में ज्यादा चले और जेब पर बोझ कम पड़े. लेकिन कई बार नई कार भी अचानक पेट्रोल या डीजल की ज्यादा खपत करने लगती है. लोग अक्सर सोचते हैं कि इसका कारण सिर्फ खराब ईंधन या इंजन है, लेकिन असल में माइलेज घटने के पीछे कई छोटी-छोटी वजहें छुपी होती हैं, जिन्हें नजरअंदाज कर दिया जाता है. अगर आप इन कारणों को समय रहते पहचान लें और सही मेंटेनेंस अपनाएं, तो आपकी कार लंबे समय तक बेहतरीन माइलेज दे सकती है.
टायर प्रेशर, इंजन ऑयल, ड्राइविंग स्टाइल, ओवरलोडिंग और समय पर सर्विस जैसी चीज़ों पर ध्यान देकर आप हर महीने पेट्रोल पर हजारों रुपये बचा सकते हैं. आइए जानते हैं वो 5 बड़ी वजहें, जिनसे आपकी कार का माइलेज घटता है और जिन्हें सुधारकर आप अपनी जेब भी बचा सकते हैं.
कम या ज्यादा हवा वाले टायर आपकी कार के माइलेज को बहुत प्रभावित करते हैं.कम प्रेशर वाला टायर इंजन पर ज्यादा लोड डालता है और पेट्रोल की खपत बढ़ा देता है.हर हफ्ते टायर प्रेशर चेक करना, और सही प्रेशर बनाए रखना माइलेज बढ़ाने का आसान तरीका है.
पुराना इंजन ऑयल और जाम फिल्टर इंजन की एफिशिएंसी को घटाते हैं.गाड़ी ज्यादा ईंधन खर्च करती है और परफॉर्मेंस गिरता है.समय-समय पर ऑयल और फिल्टर बदलकर आप इंजन को स्मूद रख सकते हैं और माइलेज बढ़ा सकते हैं.
बार-बार तेज़ एक्सेलरेट करना और अचानक ब्रेक लगाना माइलेज का सबसे बड़ा दुश्मन है.स्मूद और संतुलित ड्राइविंग अपनाएं.ट्रैफिक में सोच-समझकर ड्राइव करें, इससे ईंधन की बचत होती है और गाड़ी लंबे समय तक स्वस्थ रहती है.
अत्यधिक सामान या रूफ रैक रखने से इंजन पर ज्यादा दबाव पड़ता है और माइलेज घटता है.जितना हल्का सामान गाड़ी में रखें, उतना बेहतर माइलेज मिलेगा.
समय पर कार की सर्विस न करवाना माइलेज घटाने का बड़ा कारण है.इंजन क्लीन और पार्ट्स सही स्थिति में रहने पर गाड़ी कम ईंधन खर्च करती है.महीने में एक बार सर्विस या चेकअप करवाना माइलेज बढ़ाने का आसान और असरदार तरीका है.