'इंस्पेक्टर साहब से टोल मांगोगे?' कर्मचारियों पर तानी पिस्टल, SSP ने मनबढ़ पुलिसकर्मी को सिखाया सबक
Uttar Pradesh Police: उत्तर प्रदेश के मेरठ एक बड़ी खबर सामने आई है. यहां मेरठ में मौजूद टोल प्लाजा पर टोल मांगने की वजह से इंस्पेक्टर ने टोलकर्मी पर पिस्टल तान दी. इसे देख टोलकर्मी डर गया था और उसने टोल मैनेजर से शिकायत की. पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है. सीसीटीवी फुटेज का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक आरोपी इंस्पेक्टर को सस्पेंड कर दिया है.
Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश के मेरठ एक बड़ी खबर सामने आई है. यहां मेरठ में मौजूद टोल प्लाजा पर टोल मांगने की वजह से इंस्पेक्टर ने टोलकर्मी पर पिस्टल तान दी. इसके साथ टोलकर्मी को धमकी भी दी. इंस्पेक्टर की पूरी हरकत सीसीटीवी कैमरे भी कैद हुई है. अब टोलकर्मी ने अपनी जान का खतरा बताते हुए पुलिस अधिकारियों न्याय की मदद मांगी है. बता दें, सीसीटीवी फुटेज का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक आरोपी इंस्पेक्टर को सस्पेंड कर दिया है.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक आरोपी इंस्पेक्टर का नाम शुभम गुप्ता है जो मेरठ के थाना बहसूमा में तैनात थे. खबर के अनुसार, गुरुवार रात को इंस्पेक्टर अपनी पत्नी और बच्चों के साथ बहसूमा से मेरठ जा रहे थे. इंस्पेक्टर की गाड़ी को एनएच-34 मेरठ-पौड़ी हाईवे नए टोल पर टोल कर्मियों ने रोका. जब टोलकर्मी ने टोल टैक्स मांगा तो शुभम गुप्ता ने देने से इनकार कर दिया. इसके बाद शुभम ने गाड़ी का शीशा खोला और टोल कर्मी को पिस्टल दिखाकर धमकी देने लगा.
दारोगा को किया सस्पेंड
आरोपी शुभम द्वारा धमकाने के बाद टोलकर्मी डर गया. इसके बाद टोलकर्मी ने इस घटना की सूचना टोल मैनेजर भूपेंद्र सिरोही को दी. जब सीसीटीवी फुटेज निकाला गया तो साफ दिखाई दे रहा था कि दारोगा कार में बैठकर पिस्टल दिखाकर धमकी दे रहा है. टोल मैनेजर भूपेंद्र सिरोही ने इसकी शिकायत पुलिस को दी. इसके बाद SSP ने दरोगा को सस्पेंड कर दिया और पूरा मामले की जांच एसपी सिटी को सौंपी है.
सोशल मीडिया पर यूजर्स ने दी प्रतिक्रिया
अब सोशल मीडिया एक्स पर यह वीडियो पोस्ट किया है. इस वीडियो को देख यूजर्स अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं. एक यूजर लिखा, " कानून के रखवाले है इन पर क्या फर्क पड़ता अभी सस्पेंड हुए है एक महीने बाद फिर पावर में आ जाएंगे.", वहीं, दूसरे यूजर ने कमेंट किया, "यही उत्तर प्रदेश पुलिस का असली चेहरा यह किसी गुंडे से कम थोड़ी यूपी पुलिस".