नई दिल्ली: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक बयान ने कोल्ड ड्रिंक को लेकर नई बहस छेड़ दी है. एक पॉडकास्ट के दौरान उन्होंने दावा किया कि डाइट सोडा या कोल्ड ड्रिंक शरीर में कैंसर सेल्स को खत्म करने में मदद कर सकते हैं. उनका यह बयान तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि कोल्ड ड्रिंक का कैंसर से कोई सीधा संबंध साबित नहीं हुआ है. ऐसे दावे भ्रामक हो सकते हैं. डॉक्टरों ने साफ कहा कि डाइट सोडा या कोल्ड ड्रिंक से कैंसर सेल्स खत्म होने का कोई ठोस प्रमाण मौजूद नहीं है.
Dr. Oz: Trump argues that diet soda is good for him because it kills grass, if poured on grass, and therefore it kills cancer cells inside the body pic.twitter.com/JNDffH8aGY
— Republicans against Trump (@RpsAgainstTrump) April 14, 2026
इस बयान के बाद एक और बहस शुरू हो गई है, जिसमें विदेशी और भारतीय कोल्ड ड्रिंक्स के बीच अंतर पर चर्चा हो रही है. रिपोर्ट्स के अनुसार यूरोप और अमेरिका जैसे देशों में कोल्ड ड्रिंक्स को लेकर सख्त नियम लागू हैं. वहां शुगर की मात्रा, केमिकल्स और पैकेजिंग पर कड़ी निगरानी रखी जाती है. अगर कोई कंपनी नियमों का उल्लंघन करती है, तो उस पर भारी जुर्माना या प्रतिबंध लगाया जा सकता है.
वहीं भारत में भी नियम मौजूद हैं लेकिन कई बार उनके पालन में कमी देखी जाती है. कुछ रिपोर्ट्स में यह सामने आया है कि भारत में मिलने वाली कोल्ड ड्रिंक्स में शुगर की मात्रा अधिक हो सकती है. World Health Organization के अनुसार एक व्यक्ति को रोजाना कुल कैलोरी का 10 प्रतिशत से कम शुगर लेनी चाहिए, जो लगभग 50 ग्राम के बराबर है लेकिन कई कोल्ड ड्रिंक्स में यह मात्रा अधिक पाई जाती है.
ब्रिटेन और यूरोप के अन्य देशों में सरकारों ने कंपनियों पर शुगर कम करने के लिए दबाव बनाया है. एक और बड़ा अंतर पैकेजिंग और जिम्मेदारी का है. विदेशों में कंपनियां खुद पैकेजिंग और गुणवत्ता के लिए पूरी तरह जिम्मेदार होती हैं. वहीं भारत में कई कंपनियां बॉटलिंग और वितरण का काम स्थानीय वेंडर्स को सौंप देती हैं, जिससे गुणवत्ता पर असर पड़ने की आशंका रहती है.
विशेषज्ञों का मानना है कि ज्यादा शुगर का सेवन मोटापा, डायबिटीज और दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ा सकता है. ऐसे में जरूरी है कि लोग खुद भी जागरूक रहें और लेबल पढ़कर ही किसी प्रोडक्ट का सेवन करें.
Disclaimer: यहां दी गई सभी जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. theindiadaily.com इन जानकारियों की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह ले लें.