कॉकरोच का दूध बनेगा भविष्य का सुपरफूड, वैज्ञानिकों की अनोखी खोज पर क्या बोले एलन मस्क?

वैज्ञानिक कॉकरोच के दूध को प्रोटीन के संभावित वैकल्पिक स्रोत के रूप में देख रहे हैं. इस अनोखे खाद्य पदार्थ पर एलन मस्क ने घृणा जताते हुए प्रतिक्रिया दी.

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Sagar Bhardwaj

कॉकरोच का दूध क्या भविष्य का सुपरफूड बन सकता है? वैज्ञानिकों की इस अनोखी खोज ने लोगों का ध्यान खींचा है. इस बीच अरबपति कारोबारी एलन मस्क ने इस पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. 30 अक्टूबर को न्यूयॉर्क पोस्ट में कॉकरोच के दूध और उसे निकालने की प्रक्रिया से जुड़ी रिपोर्ट प्रकाशित हुई थी. इस पर मस्क ने सिर्फ एक शब्द 'Gross' लिखकर अपनी नापसंदगी जाहिर की. इसका मतलब घृणित या बेहद खराब होता है. उनकी इस प्रतिक्रिया के बाद सोशल मीडिया पर भी बहस शुरू हो गई.

क्या होता है कॉकरोच का दूध?

नाम सुनकर भले ही यह सामान्य दूध जैसा लगे, लेकिन कॉकरोच का दूध वास्तव में दूध नहीं है. यह मादा पैसिफिक बीटल कॉकरोच (Pacific Beetle Cockroach) द्वारा अपने विकसित हो रहे बच्चों को पोषण देने के लिए बनाया जाने वाला एक खास पदार्थ है. वैज्ञानिकों के मुताबिक, इसमें प्रोटीन क्रिस्टल के साथ वसा और शुगर भी मौजूद होते हैं. खास बात यह है कि इन प्रोटीन क्रिस्टल में पोषक तत्वों की मात्रा काफी अधिक होती है. इसी वजह से वैज्ञानिक इसे प्रोटीन के संभावित वैकल्पिक स्रोत के रूप में देख रहे हैं.

कैसे निकाला जाता है कॉकरोच का दूध?

कॉकरोच से इस पदार्थ को निकालना सामान्य पशुओं से दूध निकालने जैसा आसान नहीं है. इसके लिए वैज्ञानिक गर्भवती मादा पैसिफिक बीटल कॉकरोच के भ्रूण तक पहुंचकर वहां बनने वाले प्रोटीन क्रिस्टल एकत्र करते हैं. यह प्रक्रिया काफी जटिल और मेहनत वाली है. इसलिए बड़े स्तर पर इसका उत्पादन करना फिलहाल मुश्किल है. वैज्ञानिक इसके प्रोटीन की संरचना को समझने और उत्पादन के दूसरे तरीके तलाशने पर भी काम कर रहे हैं.


क्या भविष्य में सुपरफूड बन सकता है?

वैज्ञानिकों को उम्मीद है कि कॉकरोच के दूध में मौजूद पोषक तत्व भविष्य में खाद्य सामग्री, सप्लीमेंट और प्रोटीन आधारित उत्पाद बनाने में उपयोगी हो सकते हैं. हालांकि, अभी इस पर शोध शुरुआती स्तर पर है. इसे बाजार में इस्तेमाल होने वाला स्थापित खाद्य पदार्थ नहीं माना जा सकता. इसके व्यावसायिक उत्पादन से पहले खाद्य सुरक्षा, उत्पादन लागत, पोषण संबंधी परीक्षण और लोगों की स्वीकार्यता जैसी चुनौतियों का समाधान करना होगा.

सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस

एलन मस्क की प्रतिक्रिया के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने इस विचार पर मजेदार और आलोचनात्मक टिप्पणियां कीं. कुछ लोगों ने कॉकरोच से बने उत्पाद खाने के विचार पर सवाल उठाए, जबकि कुछ ने इसे भविष्य के अनोखे खाद्य विकल्प के रूप में देखा.फिलहाल कॉकरोच के दूध को रोजमर्रा के भोजन का हिस्सा बनने में लंबा समय लग सकता है.वैज्ञानिकों के लिए इसकी पोषण क्षमता जितनी दिलचस्प है, आम लोगों को इसे खाने के लिए तैयार करना उतनी ही बड़ी चुनौती हो सकती है.