हाल के दिनों में UPI पर चार्ज लगने की खबरों को लेकर लोगों के बीच कई तरह के सवाल उठ रहे थे. अब केंद्र सरकार ने राजपत्र अधिसूचना जारी कर इस मामले में स्थिति स्पष्ट कर दी है. सरकार के मुताबिक आम लोगों के डिजिटल भुगतान को लेकर सीधे तौर पर कोई अतिरिक्त शुल्क वसूलने की अनुमति नहीं है.
अगर आप किसी दोस्त, रिश्तेदार या परिचित के बैंक खाते में पैसे भेज रहे हैं, तो UPI के जरिए P2P यानी Person-to-Person ट्रांसफर कर सकते हैं. PhonePe, Google Pay, Paytm या किसी अन्य UPI ऐप से बैंक खाते या UPI ID पर पैसे भेजने पर यूजर से अलग से चार्ज नहीं लिया जाता है.
छोटे दुकानदार, फल-सब्जी विक्रेता या अन्य व्यापारियों को 2,000 रुपये तक का UPI भुगतान भी जीरो चार्ज व्यवस्था के तहत आता है. यानी रोजमर्रा की छोटी खरीदारी के लिए ग्राहक UPI का इस्तेमाल बिना अतिरिक्त शुल्क की चिंता के कर सकते हैं.
यदि आप किसी वॉलेट या PPI के बजाय अपने UPI ऐप में सीधे सेविंग्स बैंक अकाउंट को लिंक रखते हैं, तो बैंक खाते से होने वाला सामान्य UPI भुगतान अलग से यूजर शुल्क के बिना किया जा सकता है. इसलिए रोजमर्रा के भुगतान के लिए सीधे बैंक खाते से UPI इस्तेमाल करना आसान विकल्प है.
सरकारी अधिसूचना में RuPay नेटवर्क से जुड़े डेबिट कार्ड लेन-देन को भी शुल्क से जुड़ी विशेष व्यवस्था में रखा गया है. दुकानों की POS मशीन या ऑनलाइन भुगतान में RuPay डेबिट कार्ड का इस्तेमाल किया जा सकता है.
पेमेंट एंड सेटलमेंट सिस्टम्स एक्ट, 2007 की धारा 10A के तहत जारी अधिसूचना का उद्देश्य डिजिटल भुगतान पर लगने वाले शुल्क को लेकर स्थिति स्पष्ट करना है. इसमें UPI और निर्धारित RuPay डेबिट कार्ड लेन-देन के संबंध में शुल्क नहीं लेने की व्यवस्था बताई गई है.
इसलिए फिलहाल आम यूजर के लिए UPI से पैसे भेजने का सबसे आसान तरीका सीधे बैंक खाते से भुगतान करना है. किसी दोस्त या रिश्तेदार को पैसे भेजने, छोटी खरीदारी करने या रोजमर्रा के डिजिटल भुगतान के लिए UPI का इस्तेमाल जारी रखा जा सकता है. हालांकि UPI के अलग-अलग उत्पादों और वॉलेट आधारित सेवाओं के नियम अलग हो सकते हैं, इसलिए भुगतान से पहले संबंधित सेवा की शर्तें देखना भी जरूरी है.