menu-icon
India Daily

Pauri Landslide: तीन लोगों के दबे होने की सूचना, गंगा भी चेतावनी निशान के करीब

उत्तराखंड के पौड़ी में लगातार बारिश के बीच भूस्खलन से एक मकान मलबे में दब गया. तीन लोगों के फंसे होने की सूचना है. राहत दल मौके पर रेस्क्यू में जुटे हैं, जबकि हरिद्वार में गंगा का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है.

Kuldeep Sharma
Edited By: Kuldeep Sharma
Pauri Landslide: तीन लोगों के दबे होने की सूचना, गंगा भी चेतावनी निशान के करीब
Courtesy: social media

उत्तराखंड में लगातार बारिश के बीच पहाड़ों पर भूस्खलन और नदियों के बढ़ते जलस्तर ने चिंता बढ़ा दी है. पौड़ी जिले के सतपुली क्षेत्र में मेहरगांव के पास एक मकान मलबे की चपेट में आ गया. तीन लोगों के दबे होने की सूचना के बाद बचाव दल मौके पर पहुंचा. वहीं हरिद्वार में गंगा चेतावनी निशान के बेहद करीब पहुंच गई है.

मेहरगांव में मलबे में दबा मकान

पौड़ी जिले के सतपुली क्षेत्र में सोमवार रात से लगातार बारिश हो रही है. गुमखाल के पास मेहरगांव में भूस्खलन के बाद एक मकान मलबे में समा गया. इसमें तीन लोगों के दबे होने की सूचना मिली है. प्रशासन और राहत-बचाव दल मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रहे हैं. सतपुली के बैरगांव में भी एक महिला के मकान के मलबे की चपेट में आने की सूचना है. लगातार बारिश के कारण आसपास के इलाकों में भी खतरा बना हुआ है.

सड़कें भी मलबे से प्रभावित

बारिश के चलते सतपुली क्षेत्र में कई जगह मलबा जमा हो गया है. राजकीय इंटर कॉलेज बंघाट की ओर जाने वाली सड़क भी मलबे से ढक गई, जिससे लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई. प्रशासन की टीमें प्रभावित इलाकों में स्थिति पर नजर रख रही हैं. लगातार बारिश के कारण नए भूस्खलन की आशंका बनी हुई है. लोगों से जरूरी सावधानी बरतने और खतरे वाले स्थानों से दूर रहने को कहा गया है.

गंगोत्री हाईवे पर भी आवाजाही रुकी

ऋषिकेश क्षेत्र में गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर नरेंद्र नगर के पास गुर्जर नाले में पहाड़ी से मलबा आने के बाद यातायात प्रभावित हुआ. सड़क साफ करने के लिए लोक निर्माण विभाग की टीम जेसीबी के साथ मौके पर जुटी है. सुबह करीब आठ बजे के बाद से इस मार्ग पर आवाजाही बाधित रही. फिलहाल वाहन मुनिकीरेती के भद्रकाली तिराहे से बदरीनाथ हाईवे और दूसरे वैकल्पिक रास्तों से आगे भेजे जा रहे हैं.

हरिद्वार में बढ़ा बाढ़ का खतरा

हरिद्वार में भी गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. भीमगोड़ा बैराज पर सुबह नौ बजे नदी का जलस्तर 292.85 मीटर दर्ज किया गया, जो चेतावनी निशान से केवल 15 सेंटीमीटर नीचे है. पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के बाद श्रीनगर डैम और पशुलोक बैराज से पानी छोड़े जाने से निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है. जिलाधिकारी ने बाढ़ चौकियों को अलर्ट पर रखा है और गंगा किनारे रहने वाले लोगों से सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की गई है.