हल्द्वानी: MBPG कॉलेज गेट के पास रेस्टोरेंट में लगी भीषण आग, लाखों का नुकसान

हल्द्वानी के MBPG कॉलेज गेट स्थित Olive रेस्टोरेंट में शॉर्ट सर्किट और चिमनी खराबी से भीषण आग लग गई, जिससे लाखों का नुकसान होने का अनुमान है.

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Kanhaiya Kumar Jha

देहरादून: उत्तराखंड के हल्द्वानी शहर से शनिवार को एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई. एमबीपीजी डिग्री कॉलेज के मुख्य गेट के ठीक पास बना 'Olive' रेस्टोरेंट अचानक आग की चपेट में आ गया. शुरुआत में एक छोटी सी लपट दिखी, लेकिन देखते ही देखते आग ने इतना भयावह रूप ले लिया कि पूरे इलाके में धुएं का गुबार छा गया और आसपास के लोग सहमकर बाहर निकल आए. रेस्टोरेंट के भीतर से उठती आग की लपटें दूर से भी साफ नजर आ रही थीं. इलाके में भगदड़ जैसे हालात बन गए और चंद मिनटों में ही यह हादसा पूरे शहर में चर्चा का विषय बन गया.

चिमनी की खराबी और शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी आग 

प्रत्यक्षदर्शियों और शुरुआती जांच के आधार पर सामने आया है कि इस हादसे की जड़ में दो कारण हो सकते हैं. रेस्टोरेंट की रसोई में लगी चिमनी में आई तकनीकी खराबी और उसके साथ हुआ शॉर्ट सर्किट. माना जा रहा है कि इन दोनों ने मिलकर आग को वह रफ्तार दी जिसे रोकना शुरुआती क्षणों में किसी के लिए भी संभव नहीं था. रेस्टोरेंट जैसी जगहों पर रसोई के उपकरण, गैस पाइपलाइन और बिजली के तार एक-दूसरे के बेहद करीब होते हैं. ऐसे में एक छोटी सी चिंगारी भी कुछ ही पलों में विकराल रूप ले सकती है, और यहां यही हुआ. 

फायर ब्रिगेड पहुंची, मशक्कत के बाद पाया गया काबू

सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की गाड़ियां तत्काल मौके पर पहुंच गईं. दमकलकर्मियों ने जान की बाजी लगाकर आग से लोहा लिया. कड़ी मेहनत और काफी जद्दोजहद के बाद आखिरकार आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक रेस्टोरेंट का बड़ा हिस्सा जलकर राख हो चुका था .फायर फाइटर्स की तत्परता की वजह से आग आसपास की इमारतों तक नहीं फैल पाई, यह राहत की एक बड़ी बात रही.


लाखों का सामान स्वाहा, मालिक को भारी झटका

इस अग्निकांड ने रेस्टोरेंट संचालक को आर्थिक रूप से बुरी तरह तोड़ दिया है. अंदर रखा सारा फर्नीचर, रसोई के महंगे उपकरण, बर्तन, इलेक्ट्रॉनिक सामान और सजावट, सब कुछ आग की भेंट चढ़ गया. अनुमान है कि इस हादसे में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है. जो रेस्टोरेंट कुछ घंटे पहले तक चहल-पहल से भरा रहता था, वह अब सिर्फ जली हुई दीवारों और राख के ढेर में तब्दील हो गया. 

इस पूरे हादसे में सबसे सुकून देने वाली बात यह रही कि किसी की जान नहीं गई और न ही कोई गंभीर रूप से घायल हुआ. आग लगने के वक्त रेस्टोरेंट में मौजूद लोग समय रहते बाहर निकलने में सफल रहे. जान-माल के इस फर्क को समझें तो नुकसान भले ही करोड़ों का हो, इंसानी जिंदगी उससे कहीं ज्यादा कीमती है और इस बार वह महफूज रही.