'क्रिकेट में हार के डर से पीछे हटा पाकिस्तान', भारत के खिलाफ टी20 विश्व कप में ना खेलने पर बोले देवकीनंदन महाराज 

देवकीनंदन महाराज ने कहा कि पाकिस्तान बाहर से भले ही खुद को बांग्लादेश या अन्य देशों का हितैषी दिखाने की कोशिश करे, लेकिन हकीकत में वह किसी का सच्चा मित्र नहीं हो सकता.

Prem Kaushik
Sagar Bhardwaj

प्रसिद्ध कथावाचक देवकीनंदन महाराज ने पाकिस्तान के उस फैसले पर टिप्पणी की है, जिसमें उसने टी-20 क्रिकेट वर्ल्ड कप में भारत के साथ मैच नहीं खेलने का निर्णय लिया है. देवकीनंदन महाराज ने इसे पाकिस्तान का डर बताते हुए कहा कि यह फैसला उसने हार के डर से लिया है.

भारतीय क्रिकेट टीम बेहद मजबूत

सोमवार को कोलकाता में कथा संपन्न करने के बाद वृंदावन लौटे देवकीनंदन महाराज ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि पाकिस्तान सरकार और वहां की क्रिकेट व्यवस्था अच्छी तरह जानती है कि मौजूदा समय में भारतीय क्रिकेट टीम बेहद मजबूत है. उन्होंने कहा कि वर्ल्ड कप जैसे बड़े मंच पर भारत के सामने पाकिस्तान का जीतना बहुत मुश्किल था. ऐसे में हार और शर्मिंदगी से बचने के लिए पाकिस्तान का मैच से पीछे हटना उसके लिए आसान रास्ता था.

पाकिस्तान किसी का सच्चा मित्र नहीं हो सकता

देवकीनंदन महाराज ने कहा कि पाकिस्तान बाहर से भले ही खुद को बांग्लादेश या अन्य देशों का हितैषी दिखाने की कोशिश करे, लेकिन हकीकत में वह किसी का सच्चा मित्र नहीं हो सकता. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि भारतीय टीम जिस तरह का प्रदर्शन कर रही है, उसे देखकर लगता है कि मैच कहीं भी हो, लेकिन पाकिस्तानी टीम को कैच अपने घर लाहौर में ही पकड़ने पड़ते.

कोई फर्क नहीं पड़ता

उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि भारत जहां भी खेलेगा और जिससे भी खेलेगा, उसका प्रदर्शन शानदार ही रहेगा. भारतीय टीम पर पाकिस्तान के खेलने या न खेलने से कोई फर्क नहीं पड़ता. उन्होंने कहा कि हम भारत के साथ खड़े हैं और भारत के दुश्मनों के साथ न पहले थे और न आगे कभी रहेंगे.

पाकिस्तान हर बार हारा

प्रियाकान्तजू मंदिर परिसर में हुई बातचीत के दौरान देवकीनंदन महाराज ने यह भी कहा कि इतिहास गवाह है कि चाहे क्रिकेट का मैदान हो या युद्ध का क्षेत्र, पाकिस्तान को हर बार करारी हार का सामना करना पड़ा है. उनके अनुसार इस बार पाकिस्तान ने क्रिकेट में “समझदारी” दिखाई और मुकाबले से दूरी बना ली.

भारत के खिलाफ जीतना नामुमकिन

उन्होंने कहा कि पाकिस्तानी क्रिकेट टीम और वहां के अधिकारी यह भली-भांति जानते हैं कि टी-20 वर्ल्ड कप में भारत के खिलाफ जीत हासिल करना लगभग नामुमकिन था. इसी डर के चलते पाकिस्तान ने मैच नहीं खेलने का फैसला किया. देवकीनंदन महाराज के इस बयान के बाद खेल और राजनीति से जुड़े हलकों में एक बार फिर भारत-पाक क्रिकेट को लेकर बहस तेज हो गई है.