यूपी: भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश संगठन को नई ऊर्जा देने के लिए बड़ा फैसला लिया है. नोएडा के अनुभवी नेता नवाब सिंह नागर को पश्चिमी उत्तर प्रदेश का क्षेत्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया गया है. इस फैसले को पार्टी द्वारा पश्चिमी यूपी में गुर्जर समुदाय को मजबूत संदेश देने के रूप में देखा जा रहा है.
नवाब सिंह नागर गुर्जर समुदाय के प्रमुख चेहरे माने जाते हैं. पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति में गुर्जर वोट बैंक काफी अहम भूमिका निभाता है. कई सीटों पर इस समुदाय के वोट तय करते हैं कि कौन सी पार्टी आगे रहेगी. ऐसे में नागर की नियुक्ति को बीजेपी की रणनीतिक चाल माना जा रहा है, जिससे पार्टी न सिर्फ गुर्जर समुदाय के बीच अपनी पकड़ मजबूत करना चाहती है बल्कि क्षेत्र में संगठन को भी चुस्त-दुरुस्त रखना चाहती है.
मैं भारतीय जनता पार्टी के शीर्ष नेतृत्व एवं संगठन का हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ…🙏🏻 pic.twitter.com/xBCLobg2EL
— Nawab Singh Nagar (@nawabsnagar) June 25, 2026
नवाब सिंह नागर का राजनीतिक सफर काफी लंबा और संघर्षपूर्ण रहा है. उन्होंने कॉलेज के दिनों में ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़ाव शुरू कर दिया था. 1980 के दशक के मध्य में भाजपा के गठन के साथ ही वे पार्टी में शामिल हो गए. वर्ष 1993 में उन्होंने पहली बार दादरी विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा, लेकिन हार गए. हार से हताश नहीं हुए और लगातार मेहनत करते रहे.
नतीजा यह रहा कि 1996 से 2007 तक वे दो बार दादरी से विधायक चुने गए. इसके अलावा वे लाल बहादुर शास्त्री गन्ना विकास बोर्ड के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश भाजपा के उपाध्यक्ष के पद पर भी रह चुके हैं. लंबे समय से वे गौतम बुद्ध नगर और आसपास के इलाकों में गुर्जर समुदाय के प्रमुख नेता और रणनीतिकार के रूप में जाने जाते हैं.
पार्टी के अंदर नवाब सिंह नागर की कार्यशैली को सराहा जाता है. वे संगठन को मैदान स्तर पर मजबूत करने में विश्वास रखते हैं. नोएडा और आसपास के क्षेत्रों में उनके कार्यकर्ता काफी सक्रिय हैं. उनकी नियुक्ति के बाद स्थानीय कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह का माहौल है. बीजेपी ने क्षेत्रीय अध्यक्ष के साथ-साथ प्रदेश स्तर की टीम में भी बदलाव किए हैं.