'राष्ट्र सदैव उनके बलिदान का ऋणी रहेगा...' कैप्टन मनोज कुमार पांडेय की जयंती पर CM योगी ने दी श्रद्धांजलि

कारगिल युद्ध के वीर सपूत और परमवीर चक्र से सम्मानित कैप्टन मनोज कुमार पांडेय की जयंती पर पूरे देश ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की. इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी उन्हें याद करते हुए उनके शौर्य और बलिदान को नमन किया.

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Meenu Singh

कारगिल युद्ध के वीर सपूत और परमवीर चक्र से सम्मानित कैप्टन मनोज कुमार पांडेय की जयंती पर पूरे देश ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की. उनकी बहादुरी, अदम्य साहस और राष्ट्र के प्रति समर्पण आज भी युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं. इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी उन्हें याद करते हुए उनके शौर्य और बलिदान को नमन किया.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट साझा करते हुए कहा कि कारगिल युद्ध में अद्वितीय वीरता का परिचय देने वाले कैप्टन मनोज कुमार पांडेय भारतीय सैन्य इतिहास के अमर नायकों में शामिल हैं. उन्होंने कहा कि देश उनके त्याग और सर्वोच्च बलिदान का सदैव ऋणी रहेगा.

कारगिल की चोटियों पर लिखी वीरता की गाथा

कैप्टन मनोज कुमार पांडेय ने 1999 के कारगिल युद्ध में असाधारण साहस का प्रदर्शन किया था. दुश्मन की मजबूत चौकियों पर हमला करते हुए उन्होंने अपने साथियों का नेतृत्व किया और कठिन परिस्थितियों में भी पीछे हटने के बजाय विजय का मार्ग चुना. उनका यह पराक्रम भारतीय सेना के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है.


सर्वोच्च वीरता सम्मान से हुए सम्मानित

देश के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले कैप्टन मनोज कुमार पांडेय को मरणोपरांत भारत के सर्वोच्च सैन्य सम्मान ‘परमवीर चक्र’ से सम्मानित किया गया. यह सम्मान उनके अद्वितीय साहस और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक माना जाता है.

युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत

कैप्टन मनोज कुमार पांडेय का जीवन केवल एक सैनिक की कहानी नहीं, बल्कि देशभक्ति, कर्तव्यनिष्ठा और दृढ़ संकल्प का उदाहरण है. उनकी वीरता आज भी युवाओं को राष्ट्र सेवा के लिए प्रेरित करती है. सेना में शामिल होने का सपना देखने वाले हजारों युवाओं के लिए वह आदर्श बने हुए हैं.

मुख्यमंत्री ने किया श्रद्धापूर्वक स्मरण

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संदेश में कहा कि कारगिल की दुर्गम चोटियों पर लिखा गया कैप्टन मनोज कुमार पांडेय का शौर्य भारत की वीरगाथा का एक अमिट अध्याय है. उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों को हमेशा देश के प्रति समर्पण और कर्तव्य निभाने की प्रेरणा देता रहेगा.