आदर्श नगर थाना क्षेत्र के गढ़ी मालियान इलाके में शनिवार देर रात अशोक शर्मा, उनकी पत्नी इंदिरा और बेटी दीक्षा ने आत्महत्या कर ली. सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और तीनों को जेएलएन अस्पताल ले जाया गया. इलाज के दौरान पहले अशोक शर्मा की मौत हुई. इसके बाद उनकी पत्नी और बेटी ने भी दम तोड़ दिया.
पुलिस ने तीनों के शव मोर्चरी में रखवा दिए हैं और परिजनों को घटना की जानकारी दे दी गई है. थाना प्रभारी ओम प्रकाश के मुताबिक, पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है. एफएसएल टीम ने भी मौके से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं.
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया कि अशोक शर्मा ने घटना से पहले फुलेरा में रहने वाले अपने भांजे निर्मल को फोन किया था. निर्मल ने कॉल नहीं उठाई तो उन्होंने कई बार फोन किया. बाद में निर्मल की पत्नी ने फोन रिसीव किया. अशोक ने उससे कहा कि अब दोबारा बात नहीं होगी और वे जिंदा नहीं रहेंगे. यह सुनकर भांजे की पत्नी घबरा गई और उसने अपने पति को इसकी जानकारी दी. निर्मल ने तुरंत पड़ोसी गुरुदत्त को फोन कर अशोक के घर जाकर स्थिति देखने के लिए कहा.
गुरुदत्त जब घर पहुंचे तो अशोक शर्मा, इंदिरा और दीक्षा की हालत गंभीर थी. उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचना दी. इसके बाद पड़ोसियों की मदद से तीनों को अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई. अशोक शर्मा बड़े स्तर पर फर्नीचर का कारोबार करते थे और बड़े ठेके भी लेते थे. पुलिस की पड़ताल में यह बात सामने आई है कि कारोबार में नुकसान के बाद उन पर लाखों रुपये का कर्ज हो गया था. इसी वजह से वह काफी तनाव में बताए जा रहे थे.
अशोक का बेटा गौरव जयपुर में निजी नौकरी करता है और घटना से करीब तीन दिन पहले ही घर आया था. घटना की जानकारी मिलने के बाद अशोक की बहन संजू, जीजा राजेंद्र और परिवार के अन्य सदस्य फुलेरा से अजमेर पहुंचे. पुलिस अब आत्महत्या की वास्तविक वजह और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है.