SNAP FRAUD: जालंधर कमिश्नरेट पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वांछित आरोपी मंजीत सिंह बेदी को पकड़ लिया है. बेदी अमेरिका की सरकारी खाद्य सहायता योजना SNAP से जुड़े फ्रॉड केस में वांटेड था. वह कार्रवाई से बचने के लिए कनाडा के रास्ते भारत आया और पंजाब में छिपकर रह रहा था.
अमेरिकी एजेंसियों की कार्रवाई से बचने के लिए बेदी पहले अमेरिका से कनाडा पहुंचा और फिर अप्रैल 2026 में भारत आ गया. पुलिस के अनुसार, उसने पंजाब में अपनी पहचान छिपाकर रहने की कोशिश की. खुफिया टीमों ने उसकी गतिविधियों पर नजर रखी और उसके ठिकाने की जानकारी जुटाई. इसके बाद जालंधर कमिश्नरेट पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया. पुलिस अब अमेरिकी एजेंसियों और संबंधित विभागों के संपर्क में है, ताकि आगे की कानूनी कार्रवाई और प्रत्यर्पण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके. बेदी पर मार्च 2024 से जून 2025 के बीच SNAP योजना में धोखाधड़ी का आरोप है.
बेदी अमेरिका के वाशिंगटन राज्य के ताकोमा में ‘एशियन ग्रॉसरी स्टोर’ नाम से दुकान चलाता था. आरोप है कि वह SNAP लाभार्थियों के EBT कार्ड से राशन की खरीदारी के बजाय कार्ड स्वाइप करके उन्हें नकद पैसे देता था. इसके बदले मिलने वाली रकम का 50 प्रतिशत हिस्सा वह अपने पास रखता था. अमेरिकी सरकार के अनुसार, इस कथित धोखाधड़ी से कम से कम 600,000 डॉलर यानी करीब 5.3 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ. SNAP अमेरिका की खाद्य सहायता योजना है, जिसके तहत आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को भोजन खरीदने में मदद दी जाती है.
बेदी पर वायर फ्रॉड और SNAP लाभ से जुड़ी धोखाधड़ी के आरोप लगाए गए थे. उसे गिरफ्तारी के बिना अदालत में पेश होने की अनुमति मिली थी, लेकिन इसके साथ कुछ शर्तें भी रखी गई थी. उसे पासपोर्ट जमा करने और वाशिंगटन राज्य में रहने का आदेश दिया गया था. आरोप है कि उसने इन शर्तों का पालन नहीं किया और सड़क के रास्ते कनाडा चला गया. वहां से भारत पहुंचने के बाद अमेरिकी अदालत ने 21 मई 2026 को उसके खिलाफ संघीय गिरफ्तारी वारंट जारी किया.