मोबाइल से कटेगा CTU बस का टिकट, चंडीगढ़ में ऑनलाइन भुगतान की तैयारी

चंडीगढ़ प्रशासन सार्वजनिक परिवहन को पूरी तरह डिजिटल बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है. जल्द ही CTU की सभी बसों में यात्री क्यूआर कोड स्कैन कर यूपीआई के माध्यम से टिकट खरीद सकेंगे. इससे खुले पैसों की परेशानी खत्म होगी और टिकट जारी करने की प्रक्रिया भी पहले से अधिक तेज हो जाएगी.

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Shanu Sharma

चंडीगढ़ प्रशासन ने शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और डिजिटल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है. जल्द ही चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग की बसों में यात्रा करने वाले लोगों को टिकट खरीदने के लिए नकद पैसे या छुट्टे रखने की जरूरत नहीं पड़ेगी. 

यात्री अपने मोबाइल फोन से क्यूआर कोड स्कैन कर यूपीआई के माध्यम से टिकट का भुगतान कर सकेंगे. इस नई व्यवस्था का उद्देश्य यात्रियों को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक टिकट सेवा उपलब्ध कराना है.

438 बसों में लागू होगी नई व्यवस्था

प्रशासन की योजना ट्राइसिटी क्षेत्र में संचालित सीटीयू की सभी 438 बसों में यह सुविधा लागू करने की है. फिलहाल कुछ चुनिंदा रूटों पर इसका परीक्षण किया जा रहा है. परीक्षण के दौरान सामने आने वाली तकनीकी कमियों को दूर करने के बाद इसे चरणबद्ध तरीके से सभी बसों में शुरू कर दिया जाएगा. यह सुविधा डीजल बसों के साथ-साथ इलेक्ट्रिक बसों में भी उपलब्ध होगी.


नई डिजिटल टिकट व्यवस्था का लाभ चंडीगढ़ के अलावा मोहाली, पंचकूला और आसपास के क्षेत्रों में सफर करने वाले यात्रियों को भी मिलेगा. यह सुविधा पीजीआई, पंजाब विश्वविद्यालय, रेलवे स्टेशन, एयरपोर्ट, प्रमुख बाजारों, जीरकपुर, खरड़, मनसा देवी, चंडीमंदिर, मलोया, धनास, मौलीजागरां, मनीमाजरा और कुराली जैसे रूटों पर यात्रा करने वाले लोगों के लिए उपलब्ध होगी.

खुले पैसों की परेशानी से मिलेगी राहत

बसों में छोटे मूल्य के टिकट खरीदते समय अक्सर यात्रियों और परिचालकों को खुले पैसों की समस्या का सामना करना पड़ता है. कई बार छुट्टे पैसे नहीं होने से टिकट जारी करने में देरी भी होती है. QR कोड आधारित भुगतान शुरू होने के बाद यह समस्या काफी हद तक समाप्त हो जाएगी. यात्री तय किराया सीधे अपने मोबाइल से जमा कर सकेंगे, जिससे भुगतान की प्रक्रिया अधिक सरल और पारदर्शी बनेगी. डिजिटल भुगतान से नकद लेने और बाकी पैसे लौटाने में लगने वाला समय भी बचेगा.

इससे बस स्टॉप पर टिकट जारी करने की प्रक्रिया तेज होगी और बसों का संचालन अधिक सुचारु हो सकेगा. साथ ही यात्रियों को अधिक नकदी लेकर चलने की आवश्यकता भी नहीं रहेगी. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि UPI सुविधा शुरू होने के बाद भी नकद और स्मार्ट कार्ड से टिकट खरीदने का विकल्प समाप्त नहीं किया जाएगा. जो यात्री डिजिटल भुगतान का उपयोग नहीं कर सकते, वे पहले की तरह नकद देकर या स्मार्ट कार्ड के माध्यम से टिकट खरीद सकेंगे.