चंडीगढ़: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने महिलाओं को हर महीने 3,000 से 4,500 रुपये तक का मानदेय देकर माताओं और बहनों से किया अपना वादा पूरा कर दिया है. इस फैसले से प्रदेश की हजारों महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं. महिलाओं ने पारंपरिक बोलियों यानी लोकगीतों के जरिए सीएम मान का आभार जताया और उन्हें अपना भाई कहकर धन्यवाद किया. साथ ही उन्होंने मान सरकार को दोबारा सत्ता में लाने का समर्थन भी व्यक्त किया.
सरकार की इस योजना के तहत महिलाओं को नियमित रूप से आर्थिक सहायता मिल रही है. यह राशि उनके दैनिक खर्चों, परिवार की जरूरतों और आत्मनिर्भरता बढ़ाने में मददगार साबित हो रही है. कई महिलाओं ने कहा कि पहले घर के खर्चों के लिए संघर्ष करना पड़ता था, लेकिन अब मानदेय मिलने से राहत मिली है. वे इसे मुख्यमंत्री का महिलाओं के प्रति सच्चा प्रेम और वादा निभाने का प्रमाण मान रही हैं.
ਮਹਿਲਾਵਾਂ ਨੂੰ ਸਨਮਾਨ ਰਾਸ਼ੀ ਦੇ ₹3000-4500 ਦੇ ਕੇ CM ਮਾਨ ਨੇ ਮਾਵਾਂ-ਭੈਣਾਂ ਨਾਲ਼ ਕੀਤਾ ਵਾਅਦਾ ਪੁਗਾਇਆ ਹੈ। ਇਸ ਸਨਮਾਨ ਲਈ ਮਹਿਲਾਵਾਂ ਨੇ ਬੋਲੀਆਂ ਪਾ ਕੇ ਕੀਤਾ ਆਪਣੇ ਭਰਾ CM ਭਗਵੰਤ ਮਾਨ ਦਾ ਧੰਨਵਾਦ ਅਤੇ ਮਾਨ ਸਰਕਾਰ ਨੂੰ ਦੁਬਾਰਾ ਲਿਆਉਣ ਦਾ ਵੀ ਕਰ ਦਿੱਤਾ ਐਲਾਨ। pic.twitter.com/9dIfaqyY6W
— AAP Punjab (@AAPPunjab) August 12, 2026
विभिन्न जगहों पर महिलाओं ने पारंपरिक लोकगीतों के माध्यम से अपनी खुशी जाहिर की. बोलियों में उन्होंने सीएम भगवंत मान को भाई कहकर संबोधित किया और उनके काम की तारीफ की. गीतों के जरिए उन्होंने कहा कि मान सरकार ने महिलाओं को सम्मान दिया है और उनकी आर्थिक स्थिति सुधारने का प्रयास किया है. कई कार्यक्रमों में महिलाओं ने सामूहिक रूप से ये बोलियां गाईं, जिससे माहौल उत्साह से भर गया.
महिलाओं का कहना है कि यह सिर्फ आर्थिक मदद नहीं, बल्कि सम्मान का प्रतीक है. वे मान सरकार के कामकाज से संतुष्ट हैं और भविष्य में भी इसी सरकार को समर्थन देने के लिए तैयार हैं. कई महिलाओं ने स्पष्ट रूप से कहा कि वे मान सरकार को दोबारा सत्ता में लाने के लिए वोट देंगी क्योंकि सरकार ने उनके साथ किया वादा निभाया है.
इस योजना से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों की महिलाओं को फायदा हो रहा है. सरकार का लक्ष्य महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना और परिवार की जिम्मेदारियों में उनका सहयोग बढ़ाना है. मानदेय मिलने से कई महिलाएं छोटे-मोटे काम भी शुरू कर पा रही हैं, जिससे उनकी आत्मविश्वास बढ़ा है.
मुख्यमंत्री भगवंत मान की इस पहल को महिलाओं के बीच व्यापक समर्थन मिल रहा है. वे इसे महिलाओं के प्रति सरकार की संवेदनशीलता का प्रमाण मान रही हैं. लोकगीतों के जरिए व्यक्त किया गया आभार साफ दिखाता है कि यह फैसला महिलाओं के दिलों तक पहुंचा है. पंजाब की महिलाएं अब और अधिक आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं.