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फोन पर मांगते थे फिरौती, नहीं देने पर बरसाते थे गोलियां; घनशामपुरिया गैंग के 3 शूटर गिरफ्तार

अमृतसर पुलिस ने फिरौती और फायरिंग की कई घटनाओं में शामिल एक संगठित गैंग के तीन शूटरों को गिरफ्तार किया है. जांच में इनके विदेश में बैठे हैंडलरों के निर्देश पर काम करने की बात सामने आई है.

KanhaiyaaZee
फोन पर मांगते थे फिरौती, नहीं देने पर बरसाते थे गोलियां; घनशामपुरिया गैंग के 3 शूटर गिरफ्तार
Courtesy: Social Media

चंडीगढ़: पंजाब में संगठित अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत अमृतसर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. पुलिस ने फिरौती और फायरिंग की कई घटनाओं में कथित रूप से शामिल तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी एक संगठित आपराधिक नेटवर्क से जुड़े हुए थे और विदेश में बैठे संचालकों के निर्देश पर वारदातों को अंजाम दे रहे थे. पुलिस का मानना है कि इस गिरफ्तारी से कई लंबित मामलों की गुत्थी सुलझने की उम्मीद बढ़ गई है.

पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान इस कार्रवाई की जानकारी दी. उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गुरदेव सिंह, जशनप्रीत सिंह और हरप्रसदीप सिंह के रूप में हुई है. जांच एजेंसियों को संदेह है कि ये आरोपी एक बड़े आपराधिक नेटवर्क का हिस्सा थे, जो लंबे समय से क्षेत्र में सक्रिय था.

विदेश से मिलते थे निर्देश

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी कथित तौर पर विदेश में बैठे दो हैंडलरों के संपर्क में थे. पुलिस के अनुसार, इन्हें विभिन्न वारदातों को अंजाम देने के निर्देश बाहर से मिलते थे. आरोप है कि गैंग का मुख्य उद्देश्य लोगों में डर पैदा कर आर्थिक लाभ हासिल करना था. जांच एजेंसियां अब नेटवर्क के अन्य सदस्यों तक पहुंचने का प्रयास कर रही हैं.

डर फैलाकर वसूली का आरोप

पुलिस के मुताबिक आरोपी पहले व्यापारियों और अन्य लोगों को फोन कर पैसों की मांग करते थे. मांग पूरी नहीं होने पर उनके घरों या कारोबारी ठिकानों के बाहर फायरिंग की जाती थी. इसके जरिए भय का माहौल बनाकर दोबारा रकम मांगी जाती थी. अधिकारियों का कहना है कि इसी तरीके से गैंग कई लोगों को निशाना बना चुका था.

कई जिलों में वारदातों का शक

जांच में अब तक सामने आया है कि आरोपियों का नाम अमृतसर, तरनतारन, फिरोजपुर और अमृतसर देहाती क्षेत्र की करीब छह आपराधिक घटनाओं से जुड़ रहा है. इनमें एक पेट्रोल पंप लूट का मामला भी शामिल बताया गया है. पुलिस इन सभी मामलों के बीच संबंधों की जांच कर रही है और पुराने रिकॉर्ड भी खंगाले जा रहे हैं.

हथियार बरामद, जांच जारी

गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक पिस्तौल बरामद की है. हथियार को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है ताकि उसके इस्तेमाल से जुड़ी जानकारी जुटाई जा सके. पुलिस का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ जारी है और आने वाले दिनों में इस नेटवर्क से जुड़े कई और अहम खुलासे हो सकते हैं.