गुरुग्राम: साइबर सिटी गुरुग्राम में मानवता को शर्मसार करने वाला एक मामला सामने आया है, जहां एक 24 वर्षीय नेपाली मूल की युवती के साथ कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म (गैंगरेप) किया गया। पीड़िता कुरुक्षेत्र से अपनी एक सहेली से मिलने के लिए यहां आई थी, लेकिन एक अप्रत्याशित परिस्थिति और लाचारी का फायदा उठाकर तीन युवकों ने इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया.
पीड़िता ने गुरुग्राम पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि वह 23 फरवरी को कुरुक्षेत्र से गुरुग्राम के अशोक विहार इलाके में रहने वाली अपनी एक सहेली से मिलने पहुंची थी। हालांकि, वहां पहुंचने पर उसकी वह दोस्त नहीं मिली, जिससे वह काफी मानसिक तनाव में आ गई। इस परेशानी के कारण उसने शराब का सेवन कर लिया और वापस लौटने के लिए एक ऑटो में सवार हो गई, जिसमें तीन युवक पहले से मौजूद थे.
युवती के अनुसार, अत्यधिक नशे में होने के कारण वह अपनी सुध-बुध खो बैठी थी और उसे कुछ भी स्पष्ट याद नहीं था। अगले दिन जब उसे होश आया, तो उसने खुद को नाहरपुर रूपा चौकी क्षेत्र के एक अनजान कमरे में पाया। पीड़िता ने आरोप लगाया कि ऑटो में सवार उन तीनों युवकों ने उसकी स्थिति का नाजायज फायदा उठाया और उसे उस कमरे में ले जाकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। यह घटना एक बार फिर समाज में महिलाओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करती है.
24 फरवरी को पीड़िता किसी तरह वहां से निकलकर सदर थाने पहुंची और अपनी आपबीती पुलिस को सुनाई। पुलिस ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तुरंत प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज की और आरोपियों की तलाश के लिए जाल बिछाया. पुलिस ने तकनीकी सहायता और मुखबिरों की सूचना पर एक आरोपी, मनीष कुमार (निवासी एटा, उत्तर प्रदेश) को गिरफ्तार कर लिया है। मनीष की गिरफ्तारी इस मामले में पुलिस की एक बड़ी कामयाबी मानी जा रही है.
पुलिस की टीमें अब फरार दो अन्य आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए विभिन्न स्थानों पर लगातार दबिश दे रही हैं। जांच अधिकारियों का कहना है कि अन्य आरोपियों को भी जल्द सलाखों के पीछे भेजा जाएगा और इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा. वहीं, पीड़िता के मानसिक आघात को देखते हुए पुलिस ने उसकी उचित काउंसलिंग भी करवाई है ताकि उसे इस गहरे सदमे से उबरने में मदद मिल सके.