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India Daily

इलेक्ट्रिक बसों के मामले में नंबर-1 बना ये शहर, महाराष्ट्र को छोड़ा पीछे

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, अन्य राज्यों में कर्नाटक में 1,989, गुजरात में 1,041, तेलंगाना में 875 और उत्तर प्रदेश में 874 इलेक्ट्रिक बसें हैं.

Sagar
Edited By: Sagar Bhardwaj
इलेक्ट्रिक बसों के मामले में नंबर-1 बना ये शहर, महाराष्ट्र को छोड़ा पीछे
Courtesy: @dtchq_delhi

दिल्ली ने इलेक्ट्रिक बसों के मामले में पूरे देश में पहला स्थान हासिल कर लिया है. अब यहां 4,286 इलेक्ट्रिक बसें चल रही हैं, जिससे महाराष्ट्र को पीछे छोड़ दिया गया है. महाराष्ट्र में अभी 4,001 इलेक्ट्रिक बसें हैं. यह जानकारी वाहन डैशबोर्ड और सरकारी आंकड़ों से मिली है. हाल ही में अपने बेड़े में 500 नई इलेक्ट्रिक बसों को शामिल करने के बाद दिल्ली का यह रिकॉर्ड बना है.

सीएम रेखा गुप्ता ने 500 बसों को दिखाई हरी झंडी

रविवार को रामलीला मैदान में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने इन 500 बसों को हरी झंडी दिखाई. इस मौके पर दिल्ली-पानीपत के बीच नई इंटर-स्टेट बस सेवा भी शुरू की गई. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यह कदम दिल्ली को हरा-भरा और स्वच्छ बनाने की दिशा में बड़ा है. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की तारीफ की और कहा कि महिलाओं की भागीदारी से विकास हो रहा है.

किस राज्य में कितनी बसें

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, अन्य राज्यों में कर्नाटक में 1,989, गुजरात में 1,041, तेलंगाना में 875 और उत्तर प्रदेश में 874 इलेक्ट्रिक बसें हैं. दिल्ली सरकार का कहना है कि पिछले साल से लगातार इलेक्ट्रिक बसें जोड़ी जा रही हैं. इससे प्रदूषण कम हो रहा है, यात्रा सुरक्षित, आरामदायक और सस्ती हो रही है. मुख्यमंत्री ने बताया कि सिर्फ संख्या बढ़ाना ही मकसद नहीं है, बल्कि बेहतर कनेक्टिविटी, जीरो एमिशन ट्रांसपोर्ट और भविष्य के लिए तैयार सिस्टम बनाना है.

साल के अंत तक 7500 ई-बसें करने का प्लान

दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (डीटीसी) की योजना है कि 2026 के अंत तक इलेक्ट्रिक बसों की संख्या 7,500 तक पहुंच जाए और 2028 तक कुल 14,000 बसें हों, जिनमें ज्यादातर इलेक्ट्रिक होंगी. इसके लिए चार्जिंग स्टेशन और नए डिपो बनाए जा रहे हैं. यह फैसला दिल्ली को हरा-भरा शहर बनाने और पर्यावरण बचाने की कोशिश का हिस्सा है.

बीजेपी सरकार के एक साल पूरे होने पर यह कार्यक्रम हुआ. लोग कह रहे हैं कि इलेक्ट्रिक बसें दिल्ली की सड़कों पर बदलाव ला रही हैं. प्रदूषण से जूझते शहर के लिए यह अच्छी खबर है. दिल्ली अब इलेक्ट्रिक पब्लिक ट्रांसपोर्ट में सबसे आगे है.