menu-icon
India Daily

वारदात के वक्त करोलबाग में था आरोपी तो पीड़िता पर किसने फेंका तेजाब? दिल्ली एसिड अटैक मामले में आया नया ट्विस्ट

दिल्ली के चर्चित एसिड अटैक केस ने जांच के बाद नया मोड़ ले लिया है. पुलिस ने सीडीआर, सीसीटीवी और गवाहों के बयान के आधार पर पाया कि आरोपी जितेंद्र घटना के वक्त करोल बाग में मौजूद था.

Kuldeep Sharma
Edited By: Kuldeep Sharma
वारदात के वक्त करोलबाग में था आरोपी तो पीड़िता पर किसने फेंका तेजाब? दिल्ली एसिड अटैक मामले में आया नया ट्विस्ट
Courtesy: social media

नई दिल्ली: उत्तर-पश्चिम दिल्ली के भारत नगर में हुए कथित एसिड अटैक केस ने अब नया मोड़ ले लिया है. 26 अक्टूबर की सुबह 20 वर्षीय युवती पर एसिड फेंके जाने की सूचना के बाद मामला तेजी से सुर्खियों में आया था, लेकिन अब पुलिस जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं. 

तकनीकी जांच और गवाहों के बयान के आधार पर साफ हुआ है कि जिस आरोपी का नाम शिकायत में था, वह घटना के वक्त वहां मौजूद ही नहीं था.

जांच में सामने आई अहम जानकारियां

पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी जितेंद्र घटना के समय करोल बाग में काम पर मौजूद था. मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयानों से यह पूरी तरह साबित हुआ कि वह सुबह से करोल बाग में था. इतना ही नहीं, जिस मोटरसाइकिल का जिक्र पीड़िता ने अपनी शिकायत में किया था, वह भी जांच में उसी इलाके में मिली. यह तथ्य केस की दिशा पूरी तरह बदल सकता है.

आरोपी की पत्नी की शिकायत से बढ़ी जांच

घटना से दो दिन पहले, 24 अक्टूबर को जितेंद्र की पत्नी ने दिल्ली पुलिस को शिकायत दी थी कि उसे पीड़िता के पिता अकील खान ने ब्लैकमेल और यौन शोषण का शिकार बनाया है. महिला ने बताया कि 2021 से 2024 तक वह अकील खान की फैक्ट्री में काम करती थी, जहां अकील ने उसके साथ जबरन संबंध बनाए और वीडियो बनाकर ब्लैकमेल किया. इस शिकायत पर भलस्वा डेयरी थाने में केस दर्ज है, जबकि अकील फिलहाल फरार है.

सह आरोपियों और पुराने विवादों की कड़ी

पीड़िता की शिकायत में जितेंद्र के साथ अरमान और ईशान का नाम भी लिया गया था. दोनों फिलहाल आगरा में अपनी मां शबनम के साथ हैं, जो खुद 2018 में एसिड अटैक की शिकार रह चुकी हैं. शबनम ने तब अकील खान के रिश्तेदारों पर हमला करने का आरोप लगाया था. बताया जा रहा है कि दोनों परिवारों के बीच मंगोलपुरी की एक प्रॉपर्टी को लेकर विवाद भी चल रहा है, जो अब इस मामले की पृष्ठभूमि का अहम हिस्सा बन गया है.

पीड़िता की गतिविधियों की तकनीकी जांच में नए सवाल

सीसीटीवी फुटेज में पीड़िता को अपने भाई के साथ मुकुंदपुर से स्कूटी पर जाते और अशोक विहार में उतरते देखा गया. इसके बाद वह ई-रिक्शा से कॉलेज की ओर गई. पुलिस अब यह जांच कर रही है कि उसका भाई उसे कॉलेज गेट तक क्यों नहीं छोड़कर गया. वहीं, भाई अब पूछताछ में शामिल नहीं हो रहा है, जिससे संदेह और गहरा गया है.

आगे की जांच और पुलिस की रणनीति

दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी पूरे मामले की बारीकी से निगरानी कर रहे हैं. जांच अब इस दिशा में आगे बढ़ रही है कि क्या पीड़िता की एफआईआर में दर्ज घटनाक्रम सही है या इसके पीछे कोई पूर्व नियोजित साजिश छिपी है. भारत नगर थाने की इन्वेस्टिगेशन टीम सभी तकनीकी और फोरेंसिक एंगल से केस की जांच कर रही है. यह मामला अब दिल्ली पुलिस के लिए एक हाई-प्रोफाइल जांच में तब्दील हो चुका है.