रायपुर: रायपुर के गायत्री नगर स्थित जगन्नाथ मंदिर में रक्षाबंधन के मौके पर भव्य आयोजन हुआ. इस खास अवसर पर छत्तीसगढ़ के अलग अलग हिस्सों से पहुंची हजारों महिलाओं ने भगवान जगन्नाथ को पवित्र राखी यानी रक्षा सूत्र बांधा. मंदिर परिसर में बड़ी संख्या में महिलाओं के पहुंचने से उत्सव का माहौल बन गया.
इस आयोजन में गुजराती, सिंधी, अग्रवाल, जैन और साहू समाज समेत अलग अलग समुदायों की महिलाओं ने हिस्सा लिया. महिलाओं ने भगवान जगन्नाथ की पूजा की और उन्हें रक्षा सूत्र बांधकर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की.
#WATCH | Raipur, Chhattisgarh: A grand Raksha Bandhan event unfolded at the Jagannath Temple in Gayatri Nagar, Raipur, where thousands of women tied sacred Rakhi threads (Raksha Sutra) to Lord Jagannath. (27.08) pic.twitter.com/jLo3zyoJqA
— ANI (@ANI) August 28, 2026
बीजेपी विधायक पुरंदर मिश्रा ने कहा कि छत्तीसगढ़ के अलग अलग क्षेत्रों से बहनें भगवान जगन्नाथ को राखी बांधने के लिए मंदिर पहुंची हैं. उन्होंने कहा कि हजारों बहनों को भगवान जगन्नाथ के प्रति अपनी आस्था व्यक्त करते देखकर सभी लोग उत्साहित हैं. उन्होंने भगवान से छत्तीसगढ़ की खुशहाली और विकास की प्रार्थना की.
भगवान जगन्नाथ को राखी बांधने की इस परंपरा ने रक्षाबंधन के पर्व को धार्मिक आस्था से जोड़ दिया. आम तौर पर रक्षाबंधन पर बहनें अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधती हैं, लेकिन रायपुर में महिलाओं ने भगवान जगन्नाथ को अपना रक्षक मानकर रक्षा सूत्र अर्पित किया.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी रक्षाबंधन के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं. उन्होंने कहा कि यह पवित्र त्योहार सभी के जीवन में खुशी, समृद्धि और सफलता लेकर आए. प्रधानमंत्री ने भाई बहन के बीच प्रेम, स्नेह और आपसी विश्वास के रिश्ते को हमेशा मजबूत बनाए रखने की कामना की.
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी रक्षाबंधन पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं. उन्होंने कहा कि यह त्योहार भाई बहन के बीच अटूट प्रेम और विश्वास को समर्पित है. उन्होंने सभी के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि की कामना की.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं. उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन प्राचीन समय से भारतीय संस्कृति और परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है. विश्वास के साथ कलाई पर बांधा जाने वाला रक्षा सूत्र सुरक्षा के पवित्र बंधन का प्रतीक माना जाता है.
राष्ट्रपति ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई बहन के रिश्ते तक सीमित नहीं है. यह परिवार, मित्रों और समाज के बीच प्रेम, सम्मान, विश्वास और आपसी सहयोग को मजबूत करने का संदेश देता है. उन्होंने लोगों से परिवार और समुदाय के रिश्तों को मजबूत बनाने तथा विकसित भारत की भावना के साथ आगे बढ़ने का संकल्प लेने की अपील की.