'मैं लॉरेंस गैंग से...', WhatsApp पर धमकी से दहशत में पूरा परिवार; एक करोड़ की रखी मांग
मुजफ्फरपुर के साहेबगंज में जिला पार्षद और स्कूल संचालक राजेश सहनी से व्हाट्सएप के जरिए लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई है.
मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के नाम पर रंगदारी मांगने का एक और मामला सामने आया है. एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी घटना है. इस बार साहेबगंज के जिला पार्षद और स्कूल संचालक राजेश सहनी को व्हाट्सएप पर धमकी भरा संदेश भेजकर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई है. रकम नहीं देने पर उनका अपहरण करने और पूरे परिवार की हत्या करने की धमकी दी गई है. घटना के बाद पीड़ित परिवार दहशत में है और पुलिस मामले की जांच में जुट गई है.
जानकारी के अनुसार, साहेबगंज थाना क्षेत्र के माधोपुर हजारी निवासी राजेश सहनी के मोबाइल पर शुक्रवार रात एक व्हाट्सएप संदेश आया. जिस नंबर से संदेश भेजा गया, उसकी प्रोफाइल फोटो में लॉरेंस बिश्नोई की तस्वीर लगी हुई थी. संदेश में लिखा था कि वह लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से बोल रहा है और दो से तीन दिन के भीतर एक करोड़ रुपये देने होंगे. ऐसा नहीं करने पर पहले अपहरण और फिर पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी गई.
पुलिस ने क्या लिया एक्शन?
धमकी मिलने के बाद राजेश सहनी ने साहेबगंज थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई. शिकायत के आधार पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि धमकी देने वाला व्यक्ति वास्तव में कौन है और व्हाट्सएप नंबर कहां से संचालित किया गया.
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साहेबगंज थाना प्रभारी ने क्या बताया?
साहेबगंज थाना प्रभारी सुनील कुमार ने बताया कि जिस नंबर से धमकी भरा संदेश भेजा गया है, उसका तकनीकी सत्यापन कराया जा रहा है. मामले की जांच के लिए तकनीकी टीम को लगाया गया है और सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है. पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि धमकी के पीछे कौन लोग हैं और उनका उद्देश्य क्या था.
गौरतलब है कि इससे पहले मुजफ्फरपुर शहर में भाजपा नेता रंजीत सहनी से भी लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई थी. लगातार सामने आ रहे ऐसे मामलों ने पुलिस की चिंता बढ़ा दी है. पुलिस यह भी जांच कर रही है कि दोनों घटनाओं के बीच कोई संबंध है या नहीं. फिलहाल पीड़ित परिवार की सुरक्षा और मामले की जांच पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है.