पटना: बिहार में गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. राजधानी पटना समेत राज्य के 8 जिलों में बाढ़ का खतरा और गंभीर हो गया है. स्थिति को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों के लिए नई चेतावनी जारी की है. विभाग के मुताबिक, 4 सितंबर को गंगा नदी का पानी कुछ इलाकों में अधिकतम बाढ़ स्तर यानी अब तक के सबसे ऊंचे बाढ़ स्तर को पार कर सकता है. ऐसे में नदी के किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.
जल संसाधन विभाग के पूर्वानुमान के आधार पर आपदा प्रबंधन विभाग ने बताया है कि पटना के गांधी घाट पर गंगा का जलस्तर गुरुवार रात और हाथीदह (मोकामा) में 4 सितंबर की दोपहर तक उच्चतम बाढ़ स्तर को पार कर सकता है. पानी बढ़ने से आसपास के निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की परेशानी बढ़ सकती है. प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है.
बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर का निरीक्षण किया. उन्होंने अधिकारियों को संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए जरूरी कदम उठाने तथा लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए.
#WATCH | Patna | Bihar Chief Minister Samrat Choudhary today inspected the rising water level of the River Ganga and directed officials to take necessary measures in view of the potential flood situation and ensure the safety of lives and property pic.twitter.com/pt5ygbu9I0
— ANI (@ANI) September 3, 2026
गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए भोजपुर, पटना, सारण, वैशाली, नालंदा, बेगूसराय, लखीसराय और जहानाबाद के नदी किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है. प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह का जोखिम न लें और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों या राहत शिविरों में चले जाएं.
आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों को नदी, घाट, तटबंध और जलभराव वाले इलाकों में बेवजह जाने से बचने को कहा है.
बच्चों, बुजुर्गों और दिव्यांग लोगों को विशेष रूप से पानी वाले क्षेत्रों से दूर रखने की सलाह दी गई है.
लोगों को नदी में नहाने, तैरने, नाव से अनावश्यक सफर करने और सेल्फी लेने जैसी जोखिम भरी गतिविधियों से बचना चाहिए.
जरूरी दस्तावेज, दवाइयां, मोबाइल, टॉर्च, पीने का पानी और अन्य जरूरी सामान पहले से तैयार रखने की सलाह दी गई है.
बाढ़ की स्थिति में लोगों से अफवाहों पर भरोसा नहीं करने और केवल जिला प्रशासन व आपदा प्रबंधन विभाग की आधिकारिक जानकारी पर विश्वास करने की अपील की गई है.
किसी भी आपात स्थिति में राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र के हेल्पलाइन नंबर 1070 पर तुरंत सूचना देने को कहा गया है.