वरुण चक्रवर्ती को लगी किसकी नजर? पूरे टूर्नामेंट में नहीं चला पाएं अपना जादू! बना डाला ये शर्मनाक रिकॉर्ड

भारत टी20 विश्व कप 2026 के फाइनल मुकाबले में पहुंच चुकी है. हालांकि इस पूरे टूर्नामेंट के दौरान दुनिया के नंबर-1 टी20 गेंदबाज वरुण चक्रवर्ती बुरी तरफ फेल हो गए. भारतीय टीम और कप्तान सूर्य कुमार यादव को इनसे काफी उम्मीद थी, लेकिन ऐसा क्या हुआ जो इस बार चक्रवर्ती एक भी मैच में नहीं चल पाएं.

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Shanu Sharma

मुंबई: भारतीय क्रिकेट फैंस के लिए गुरुवार का दिन काफी खास रहा. मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में कुछ पल के लिए सभी क्रिकेट प्रेमियों के दिल की धड़कन थोड़ी देर के लिए थम गए. लेकिन टीम की मेहनत और कप्तानी की समझ ने भारत को फाइनल में पहुंचा दिया. हालांकि इस मैच के बाद फैंस के बीच दो नामों की चर्चा शुरू हो गई. पहला नाम संजू सैमसन और दूसरा वरुण चक्रवर्ती का रहा.

संजू सैमसन ने अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से देश के सभी क्रिकेट प्रेमियों का दिल जीत लिया. वहीं वरुण चक्रवर्ती टीम के लिए महंगे साबित हुए. इन दोनों के अलावा अभिषेक शर्मा की भी चर्चा हो रही है, टूर्नामेंट शुरू होने से पहले टीम को इनपर काफी भरोसा था. लेकिन वह भी उम्मीद पर खड़े नजर नहीं आए. 

सबसे महंगे स्पेल साबित हुए वरुण चक्रवर्ती

अभिषेक शर्मा पहले तीन मैचों में अपना खाता नहीं खोल पाए और वहीं सेमीफाइनल में महज 9 रन बनाकर आउट हो गए. हालांकि उनके बड़े योगदान के बिना भी टीम ने इंग्लैंड के आगे 254 रनों का लक्ष्य रख दिया. जिसमें सबसे बड़ा योगदान संजू सैमसन का रहा. संजू ने 8 चौके और 7 छक्के की मदद से 42 गेंदों में 89 रनों की शानदार पाली खेल टीम की स्थित ज्यादा मजबूत कर दी. हालांकि दुनिया के नंबर-1 कहे जाने वाले गेंदबाज ने टीम के लिए मुसीबत थोड़ी बढ़ दी.

उन्होंने 24 गेंदों पर  इंग्लैंड को 64 रन दे दिए, जिसमें 4 छक्के और 7 चौके पड़े. वहीं चार ओवर में केवल तीन डॉट ही डाल पाए, जो की भारत के लिए टी20 विश्व कप इतिहास का सबसे महंगा स्पेलों में साबित हुआ. पहले यह रिकॉर्ड सौरभ नेत्रवलकर का था. इनके बाद जोगिंदर शर्मा थे, जिन्होंने 2007 में इंग्लैंड के खिलाफ 57 रन दिए थे. वरूण अब जोगिंदर को पछाड़ कर दूसरे  नंबर पर आ गए हैं.  

अभिषेक शर्मा के फॉर्म से टीम निराश

सुपर-8 स्टेज में वरुण की समस्या साफ दिखी. साउथ अफ्रीका के खिलाफ उन्होंने 47 रन दिए. जिम्बाब्वे के खिलाफ 35 और वेस्टइंडीज के खिलाफ 40 रन लुटाए. सेमीफाइनल तक उन्होंने 4 मैच खेले. वरुण ने कुल 16 ओवर में 186 रन दिए हैं. उनकी इकोनॉमी 11.62 रही, यह बहुत खराब है. सुपर-8 में 10 से ज्यादा ओवर डालने वाले स्पिन गेंदबाजों में वरुण की इकोनॉमी सबसे बुरी है.

जिम्बाब्वे के सिकंदर रजा ने भी 10.9 की इकोनॉमी दी, लेकिन वरुण से थोड़ा बेहतर रैंक में है. वहीं अभिषेक शर्मा के फॉर्म को लेकर भी टीम नाखुश है. अभिषेक और वरुण दोनों टॉप रैंक वाले हैं. टूर्नामेंट में उनका खराब प्रदर्शन टीम के लिए नुकसानदायक रहा. अब फाइनल में वे वापसी करेंगे या नहीं, यह देखना होगा.