श्रीजेश की सलाह: जर्सी विवाद भूलिए, वर्ल्ड कप में 50 साल का मेडल सूखा खत्म कीजिए
पूर्व भारतीय गोलकीपर पी.आर. श्रीजेश ने भारतीय हॉकी टीम से अपील की है कि जर्सी विवाद को पीछे छोड़कर वर्ल्ड कप पर पूरा ध्यान दें.
भारतीय हॉकी टीम की नई केसरिया जर्सी को लेकर चल रही बहस के बीच पूर्व दिग्गज गोलकीपर पी.आर. श्रीजेश ने खिलाड़ियों को साफ संदेश दिया है. उनका कहना है कि मैदान के बाहर की चर्चाओं में समय गंवाने के बजाय टीम को वर्ल्ड कप में शानदार प्रदर्शन कर देश के लिए पदक जीतने पर पूरा ध्यान देना चाहिए.
जर्सी विवाद पर श्रीजेश ने रखी अपनी राय
पी.आर. श्रीजेश ने कहा कि जर्सी का रंग बदलना कोई नई बात नहीं है. भारत इससे पहले भी 2014 और 2018 हॉकी वर्ल्ड कप में अलग रंग की जर्सी पहन चुका है. उन्होंने कहा कि उन्हें रंग बदलने से कोई परेशानी नहीं है लेकिन यह तर्क समझ नहीं आता कि नीली जर्सी नीले टर्फ पर ठीक से दिखाई नहीं देती. उनके मुताबिक अगर यही वजह है तो फिर इतने सालों तक भारतीय टीम ने नीली जर्सी पहनकर बड़े टूर्नामेंट कैसे खेले. उन्होंने यह भी कहा कि अगर खिलाड़ियों ने इस फैसले को मंजूरी दी है तो विवाद को आगे बढ़ाने का कोई मतलब नहीं है.
खेल सबसे पहले होना चाहिए : श्रीजेश
श्रीजेश ने साफ कहा कि खेल को राजनीति से दूर रखना चाहिए. उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों की राय सबसे ज्यादा अहम होती है और अगर टीम इस बदलाव से सहज है तो बाकी लोगों को भी इसे स्वीकार करना चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि अगर नई जर्सी पहननी ही थी तो खिलाड़ियों को पहले से इसकी आदत डालने का मौका मिलना चाहिए था. लंबे समय तक नीली जर्सी पहनने के बाद अचानक बदलाव खिलाड़ियों के लिए अलग अनुभव हो सकता है. हालांकि उन्होंने भरोसा जताया कि भारतीय टीम इस विवाद को पीछे छोड़कर अपने प्रदर्शन पर ध्यान देगी.
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वर्ल्ड कप में इतिहास बदलने का सुनहरा मौका
श्रीजेश का मानना है कि भारतीय टीम के पास इस बार 50 साल से चला आ रहा वर्ल्ड कप मेडल का इंतजार खत्म करने का शानदार मौका है. उन्होंने कहा कि अगर भारत अपने पूल में पहले स्थान पर रहता है तो सेमीफाइनल तक पहुंचने का रास्ता आसान हो सकता है. उनके अनुसार टीम के पास अनुभव, प्रतिभा और आत्मविश्वास तीनों हैं. उन्होंने खिलाड़ियों से कहा कि वे मैदान के बाहर की हर चर्चा को भूलकर सिर्फ अपने खेल पर ध्यान दें. श्रीजेश ने कहा कि वर्ल्ड कप जैसे मौके बार-बार नहीं आते और भारत को इस बार हर हाल में पोडियम पर जगह बनाने की कोशिश करनी चाहिए.