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India Daily

'पाकिस्तान क्रिकेट के मुंह पर दरवाजा बंद...' हैंडशेक विवाद पर पाक कप्तान का बड़ा खुलासा!

पिछले साल हुए एशिया कप में 'हैंडशेक विवाद' के बाद दोनों टीमों के बीच विवाद और प्रतिद्वंद्विता और बढ़ गई थी. वो घटना आज भी चर्चा में है, अब पाकिस्तान के कप्तान सलमान अली आगा ने इस पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया है. 

Meenu Singh
Edited By: Meenu Singh
'पाकिस्तान क्रिकेट के मुंह पर दरवाजा बंद...' हैंडशेक विवाद पर पाक कप्तान का बड़ा खुलासा!
Courtesy: X (@Tejashyyyyy)

नई दिल्ली: भारत पाकिस्तान दो ऐसे पड़ोसी देश हैं जिनके बीच तनाव केवल सरहद पर ही नहीं बल्कि क्रिकेट के मैदान पर देखने को मिलता है. फैंस को चिर प्रतिद्वंद्वी भारत-पाक के बीच होने वाले मुकाबला का बेसब्री से इंतजार रहता है. हालांकि दोनों टीमें बड़े टूर्नामेंट में ही आमने-सामने नजर आती हैं. लेकिन पिछले साल हुए एशिया कप में 'हैंडशेक विवाद' के बाद दोनों टीमों के बीच विवाद और प्रतिद्वंद्विता और बढ़ गई थी. वो घटना आज भी चर्चा में है, अब पाकिस्तान के कप्तान सलमान अली आगा ने इस पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया है. 

मुझे पता था... 

पिछले साल पहलगाम हमले का असर खेल के मैदान पर भी देखने को मिला, जब एशिया कप के दौरान भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव ने पाकिस्तान कप्तान सलमान अली आगा से हाथ नहीं मिलाया था. अब सलमान ने उस घटना को लेकर बड़ा खुलासा किया है.

उन्होंने इस शो के दौरान बताया कि, 'प्रेस कॉन्फ्रेंस और ट्रॉफी शूट के दौरान सब कुछ सामान्य था और हाथ मिलाया भी गया था. लेकिन टॉस के लिए जाते समय मैच रेफरी ने मुझे अलग ले जाकर स्पष्ट रूप से बताया कि इस बार हैंडशेक नहीं होगा. आगा के अनुसार, यह उनके लिए अप्रत्याशित था, हालांकि उन्होंने इस फैसले को स्वीकार किया. 

मैच के बाद की स्थिति

बाद में भारत मैच जीत गया असली चर्चा मैच के बाद शुरू हुई. आगा का कहना है कि उन्हें उम्मीद थी कि मैच खत्म होने के बाद दोनों टीमें एक-दूसरे से हाथ मिलाएंगी, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ. उन्होंने आगे बताया कि वह पूरी पाकिस्तानी टीम को भारतीय ड्रेसिंग रूम की ओर ले गए, लेकिन टीम इंडिया ने दरवाजा बंद कर लिया. हमारे जाने के बाद भी उन्होंने हाथ नहीं मिलाया. 

खेल भावना बनाम राष्ट्रीय रुख

यह विवाद केवल एक औपचारिकता का मुद्दा नहीं था, बल्कि इसमें खेल भावना और राष्ट्रीय भावनाओं का टकराव साफ दिखाई दिया. भारतीय कप्तान के लिए देश के हालात और सशस्त्र बलों के प्रति सम्मान प्राथमिकता थी, जबकि आगा ने इसे खेल के मूल्यों के नजरिए से देखा. 

साथ ही आगा ने चिंता जताई कि इस तरह की घटनाएं युवा खिलाड़ियों और दर्शकों पर गलत प्रभाव डाल सकती हैं. उनके अनुसार, अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रोल मॉडल होते हैं, और उनका व्यवहार जमीनी स्तर पर भी दोहराया जा सकता है.

क्या था पूरा मामला

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पिछले साल 22 अप्रैल को जम्मू कश्मीर के पहलगाम में एक आतंकी हमला हुआ था. उस हमले में आतंकियों ने पर्यटकों से उनकी धर्मियता पूछकर उन्हें मौत के घाट उतारा था. इस हमले में करीब क26 लोगों की जान गई थी. इस घटना के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्ते और खराब हो गए थे. भारतीय टीम ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट कर दिया था कि हालात सामान्य नहीं हैं.