'CSK की हार के जिम्मेदार धोनी....' दुविधाओं ने बर्बाद किया चेन्नई का सीजन, दिग्गज ने माही पर साधा निशाना
IPL 2026 चेन्नई सुपर के लिए किसी बुरे सपने से कम नहीं रहा. इस पूरे सीजन टीम संघर्ष ही करती दिखाई दी. लेकिन इसी एक दिग्गज ने धोनी को लेकर एक दावा दिया है.
नई दिल्ली: IPL 2026 चेन्नई सुपर के लिए किसी बुरे सपने से कम नहीं रहा. इस पूरे सीजन टीम संघर्ष ही करती दिखाई दी. फिलहाल टीम 13 मैच में 12 अंकों के साथ तालिका में सातवें पायदान पर है. क्रिकेट के प्रकांड पंडित और एक्सपर्ट टीम की इस स्थिति का आंकलन करने में जुटे हुए हैं. लेकिन कुछ सीएसके की इस हालत का जिम्मेदार टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी को ठहरा रहे हैं.
महेंद्र सिंह धोनी (MS Dhoni) की गैरमौजूदगी ने चेन्नई सुपर किंग्स के फैंस के बीच लगातार सवाल खड़े किए हैं. हर मैच से पहले यही चर्चा होती रही कि धोनी मैदान पर उतरेंगे या नहीं, लेकिन सीजन खत्म होने वाला है और उन्होंने एक भी मैच में अपनी उपस्थिति दर्ज नहीं कराई. इस कारण अब भारत के पूर्व खिलाड़ी धोनी पर जमकर निशाना साध रहे हैं.
महेंद्र सिंह धोनी पर साधा निशाना
दरअसल भारत के पूर्व खिलाड़ी एस बद्रीनाथ ने चेन्नई की इस स्थिति पर नाराजगी जाहिर की है. उन्होंने इसके लिए महेंद्र सिंह धोनी को जिम्मेदार बताया है. उन्होंने कहा कि धोनी के खेलने या न खेलने को लेकर जिस तरह की अनिश्चितता बनी रही, उसे सही तरीके से संभाला नहीं गया. उनके मुताबिक, हर मैच से पहले फैंस को उम्मीद दी जाती रही थी, लेकिन स्पष्ट जानकारी कभी सामने नहीं आई. उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह सिर्फ दर्शकों की दिलचस्पी बनाए रखने के लिए किया गया या इसके पीछे कोई व्यावसायिक रणनीति थी.
कप्तानी को लेकर भी जताई शंका
पूर्व बल्लेबाज ने यह सवाल भी उठाया कि क्या धोनी का ऋतुराज गायकवाड़ को अपना उत्तराधिकारी चुनना उनका खुद अपना फैसला था. उनका मानना है कि यह फैसला पूरी तरह टीम प्रबंधन का रहा होगा और इसमें धोनी की भूमिका सीमित रही होगी. बद्रीनाथ के अनुसार, अगर धोनी की व्यक्तिगत पसंद को देखा जाए तो वे शायद रवींद्र जडेजा (Ravindra Jadeja) को अगला कप्तान बनाने का सुझाव देते.
आज करो या मरो मुकाबला
आज चेन्नई सुपर किंग्स को गुजरात टाइटंस के लिए खिलाफ अपना करो या मरो वाला मुकबाला खेलना है. चेन्नई को न केवल इस मैच को जीतना होगा बल्कि इस मैच के बेहतरीन रणनीति भी बनानी होगी. अगर टीम इस मैच को जीतने में सफल हो जाती है तो टीम प्लेऑफ की रेस में बनी रहेगी. लेकिन चेन्नई का काम इतने से ही नहीं बनेगा. उसे प्लेऑफ में पहुंचने के लिए दूसरी टीमों पर भी निर्भर रहना होगा.