भारत की बेटियों ने लिखा इतिहास! ऑस्ट्रेलिया को हराकर वुमेंस वर्ल्ड कप में किया अब तक का सबसे बड़ा रन चेज

भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने वुमेंस वर्ल्ड कप 2025 के सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया को हराकर 339 रनों का लक्ष्य चेज कर इतिहास रच दिया है. ये महिला विश्व कप के इतिहास की सबसे बड़ी रन चेज है.

@varun_raj01
Kuldeep Sharma

नई दिल्ली: वुमेंस वर्ल्ड कप 2025 में भारत की बेटियों ने ऐसा कमाल कर दिखाया, जिसकी मिसाल क्रिकेट इतिहास में पहले कभी नहीं देखी गई. भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने सेमीफाइनल में सात बार की चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को मात देकर 339 रनों का विशाल लक्ष्य चेज किया.

जेमिमा रोड्रिग्स के शतक और कप्तान हरमनप्रीत कौर की शानदार अर्धशतकीय पारी की बदौलत भारत ने न सिर्फ मैच जीता, बल्कि महिला वनडे विश्व कप में सबसे बड़ी रन चेज का नया रिकॉर्ड अपने नाम किया.

नया भारत, नई मिसाल

भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने दिखा दिया कि अब दुनिया को उनसे मुकाबला करना आसान नहीं. ऑस्ट्रेलिया जैसी दिग्गज टीम, जो पिछले आठ सालों से सेमीफाइनल में अपराजेय रही थी, उसे भारत ने पांच विकेट से मात दी. 

इस जीत के साथ भारत तीसरी बार वुमेंस वर्ल्ड कप फाइनल में पहुंचा है. पहले दो मौकों पर टीम इंडिया को हार का सामना करना पड़ा था, लेकिन इस बार जीत की लहर और आत्मविश्वास दोनों भारतीय टीम के साथ हैं.

जेमिमा और हरमन का जलवा

इस मुकाबले की सबसे बड़ी कहानी जेमिमा रोड्रिग्स और हरमनप्रीत कौर की जोड़ी रही. 59 रन पर दो विकेट खोने के बाद इन दोनों ने टीम को संभाला और 150 से ज्यादा रनों की साझेदारी की. हरमन ने 89 रनों की शानदार पारी खेली, जबकि जेमिमा 127 रन बनाकर नाबाद रहीं. उनकी इस पारी ने भारत को इतिहास के सबसे बड़े टारगेट तक पहुंचा दिया. आखिर तक मैदान पर डटी जेमिमा ने साबित कर दिया कि वे भारत की नई ‘क्राइसिस क्वीन’ हैं.

रन चेज का नया वर्ल्ड रिकॉर्ड

वुमेंस वनडे विश्व कप के इतिहास में किसी भी टीम ने नॉकआउट मैच में 250 से ज्यादा का लक्ष्य चेज नहीं किया था. लेकिन भारतीय टीम ने 339 रनों का पहाड़ जैसे टारगेट का पीछा कर सभी को हैरान कर दिया. इससे पहले ऑस्ट्रेलिया ने इसी टूर्नामेंट में भारत के खिलाफ 331 रनों का लक्ष्य हासिल कर रिकॉर्ड बनाया था. अब भारत ने वही रिकॉर्ड तोड़ दिया है और क्रिकेट जगत को नया इतिहास दे दिया है.

ऑस्ट्रेलिया की दमदार पारी भी बेअसर

ऑस्ट्रेलिया की कप्तान एलिसा हीली ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी चुनी थी. टीम ने 338 रन बनाए, जिसमें फोएबे लिचफील्ड के 119, एलिस पैरी के 77 और एश्ली गार्डनर के 63 रनों की अहम पारी शामिल रही. हालांकि, भारत के गेंदबाजों ने सही समय पर विकेट लेकर मैच में वापसी की. दीप्ति शर्मा और श्री चरणी ने दो-दो विकेट झटके और ऑस्ट्रेलिया को 338 पर रोकने में अहम भूमिका निभाई.

जीत की पटकथा और नया इतिहास

भारतीय टीम की शुरुआत भले ही धीमी रही, लेकिन आखिरी ओवर तक टीम ने पूरी सटीकता और संयम के साथ खेला. दीप्ति शर्मा और ऋचा घोष ने तेज रन बनाकर स्कोर को आगे बढ़ाया. अंत में अमनजोत कौर ने 8 गेंदों में 15 रन बनाकर भारत को जीत की मंजिल तक पहुंचाया. भारत ने 49वें ओवर की तीसरी गेंद पर लक्ष्य हासिल किया. यह सिर्फ जीत नहीं, बल्कि महिला क्रिकेट में नए भारत की ताकत का प्रतीक बन गई है.

इस जीत ने भारतीय महिला क्रिकेट को नई ऊंचाई दी है. अब फाइनल में भारत का सामना साउथ अफ्रीका से होगा, और दुनिया देखना चाहेगी- क्या भारत इस बार इतिहास को पूरी तरह बदल देगा?