Real vs Fake Gold: धनतेरस का पर्व आते ही बाजारों में रौनक और चमक बढ़ जाती है. हर कोई सोने की खरीदारी में जुट जाता है, क्योंकि यह दिन शुभ माना जाता है. लेकिन इन दिनों असली और नकली सोने के बीच फर्क समझ पाना आसान नहीं रहा. ऑनलाइन स्टोर्स, इंस्टाग्राम ज्वेलरी पेज और लोकल मार्केट में नकली सोने के गहनों की भरमार ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है. ऐसे में सवाल उठता है-जो चमक रहा है, क्या वह सचमुच सोना है?
अच्छी बात यह है कि असली सोने की पहचान करने के लिए आपको किसी विशेषज्ञ या लैब की ज़रूरत नहीं. कुछ आसान और कारगर घरेलू उपायों से आप अपने गहनों की सच्चाई खुद जान सकते हैं. इस धनतेरस, जब आप खरीदारी करें या पुराने गहनों को परखना चाहें, तो इन 7 आसान DIY ट्रिक्स से करें असली और नकली सोने का टेस्ट.
अपने गहने पर सफेद सिरका की कुछ बूंदें डालें. अगर रंग या चमक में फर्क नहीं पड़ता, तो यह असली सोना है. नकली सोना हल्का काला या फीका पड़ जाएगा.
अपने गहने को एक मिनट के लिए हल्की लौ के नीचे रखें. असली सोना और चमकदार होगा, जबकि नकली धातु काली या धुँधली पड़ जाएगी. ध्यान रहे -चिमटे का प्रयोग करें.
हर असली गहने पर BIS हॉलमार्क, कैरेट (22K या 24K), और जौहरी का कोड होता है. अगर ये निशान नहीं हैं, तो सावधान रहें. यह असली सोना नहीं भी हो सकता.
सोना चुंबकीय नहीं होता. चुंबक से चिपक जाए तो समझिए धोखा है. हालांकि, 100% भरोसे के लिए यह टेस्ट अकेला पर्याप्त नहीं.
गहने को पानी में डालें. असली सोना तुरंत नीचे बैठ जाता है, जबकि नकली तैरने लगता है.
फाउंडेशन लगाकर सूखने दें, फिर गहना फेरें. अगर काली लकीर बने तो नकली, अगर कोई निशान न हो तो असली सोना है.
काले पत्थर पर गहना रगड़कर नाइट्रिक एसिड डालें. असली सोना अप्रभावित रहेगा, नकली तुरंत प्रतिक्रिया देगा.
इन घरेलू तरीकों से आप तुरंत पहचान सकते हैं कि आपका सोना असली है या नकली, लेकिन बड़ी खरीदारी के पहले BIS प्रमाणित जौहरी से जांच जरूर कराएं.
Disclaimer: यहां दी गई सभी जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. theindiadaily.com इन मान्यताओं और जानकारियों की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह ले लें.