क्या बांग्लादेश की राजनीति में फिर लौटेंगी हसीना? हिंसा पर पीएम मोदी की भी नजर
Bangladesh News:बांग्लादेश के प्रधानमंत्री पद से शेख हसीना के इस्तीफे के बाद सवाल है कि क्या राजनीति में उनकी दोबारा वापसी होगी? राजनीति में वापसी को लेकर उनके बेटे ने बड़ा खुलासा किया है. इधर बांग्लादेश की स्थिति पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाई लेवल बैठक की है.
Bangladesh News:बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना के इस्तीफे और देश छोड़ने के बाद उनके राजनीतिक कैरियर पर भी सवाल उठने लगे हैं. इस पर उनके बेटे का जवाब आया है. शेख हसीना के बेटे सजीब वाजेद जॉय ने दावा किया है कि उनकी मां राजनीति में वापसी नहीं करेंगी. बीबीसी को दिए एक इंटरव्यू में जॉय ने कहा कि बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री इस बात से निराश हैं कि उनकी इतनी मेहनत के बाद भी अल्पसंख्यक समुदाय उनके खिलाफ उठ खड़ा हुआ.
जॉय ने अपने इंटरव्यू में अपनी मां को लेकर कहा कि उन्होंने बांग्लादेश को बदल दिया है. जब उन्होंने सत्ता संभाली तो इसे एक विफल राज्य माना जाता था. यह एक गरीब देश था.उनके सत्ता संभालने के बाद बांग्लादेश को एशिया का राइजिंग टाइगर कहा जाता है. जॉय ने अपनी मां का बचाव करते हुए कहा कि गुस्साई भीड़ जब पुलिसकर्मियों को पीट-पीट कर मार रही हो, कल ही 13 पुलिसकर्मियों की मौत हुई है. तब आप पुलिस से क्या उम्मीद करते हैं?
और क्या बोल जॉय?
जॉय ने कहा कि उनकी 76 वर्षीय मां रविवार से ही इस्तीफा देने पर विचार कर रही थीं और अब अपने परिवार के आग्रह के बाद अपनी सुरक्षा के लिए बांग्लादेश छोड़ चुकी हैं. वह गाजियाबाद के हिंडन एयरबेस पर भारत पहुंचीं. रिपोर्ट के अनुसार, उनके लंदन जाने की खबर है.
इस्तीफे के बाद मनाया गया जश्न
बांग्लादेश के संस्थापक शेख मुजीबुर रहमान की बेटी हसीना ने अपने पद से हटाए जाने की मांग को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शनों के बाद इस्तीफा दे दिया है. कई प्रदर्शनकारियों ने उनके आधिकारिक आवास पर धावा बोल दिया है. सत्ता में 15 साल के लंबे कार्यकाल के बाद हसीना के प्रधानमंत्री पद से हटने के बाद पूरे बांग्लादेश में जश्न मनाया गया. हाल के दिनों में प्रदर्शनकारियों और सरकारी बलों के बीच झड़पों में लगभग 300 लोग मारे गए थे.
पीएम मोदी ने की हाई लेवल मीट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को सुरक्षा मामलों की कैबिनेट समिति (सीसीएस) की बैठक की अध्यक्षता की.इस बैठक में उन्हें बांग्लादेश के संकट के बारे में जानकारी दी गई. इस बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, कैबिनेट सचिव राजीव गौबा, पीएम के प्रमुख सचिव पीके मिश्रा, रिसर्च एंड एनालिसिस विंग के प्रमुख रवि सिन्हा और इंटेलिजेंस ब्यूरो के निदेशक तपन डेका मौजूद थे.