मिडिल ईस्ट में मिसाइलों की बौछार और धुएं के बादल, अमेरिका ने ईरान में अटैक का खतरनाक वीडियो किया शेयर
अमेरिकी सेना के मुताबिक, यह कार्रवाई पूरी तरह योजनाबद्ध तरीके से की गई और तेल से जुड़ी महत्वपूर्ण संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने से बचने की कोशिश की गई.
नई दिल्ली: अमेरिकी सेना की केंद्रीय कमान (सेंटकॉम) ने शनिवार को एक वीडियो जारी करते हुए दावा किया कि उसने ईरान के खारग द्वीप पर सटीक सैन्य कार्रवाई की है. सेंटकॉम के अनुसार, इस अभियान के दौरान ईरान के कई महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया.
सेंटकॉम ने सोशल मीडिया पर वीडियो साझा करते हुए बताया कि अमेरिकी सेना ने शुक्रवार रात खारग द्वीप पर व्यापक और सटीक हमले किए. इस कार्रवाई में नौसैनिक खदान भंडारण स्थलों, मिसाइल भंडारण बंकरों और कई अन्य सैन्य ठिकानों को नष्ट किया गया. अमेरिकी सेना का कहना है कि इस अभियान के दौरान द्वीप पर मौजूद 90 से अधिक ईरानी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया.
धुएं और धमाकों के दृश्य
अमेरिकी सेना के मुताबिक, यह कार्रवाई पूरी तरह योजनाबद्ध तरीके से की गई और तेल से जुड़ी महत्वपूर्ण संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने से बचने की कोशिश की गई. जारी किए गए वीडियो में हमलों के बाद उठता धुआं और धमाकों के दृश्य दिखाई दे रहे हैं.
इजराइल ने किया बड़ा दावा
इस बीच अमेरिका के सहयोगी देश इजराइल ने भी ईरान में अलग से सैन्य कार्रवाई करने का दावा किया है. इजराइल रक्षा बलों के अनुसार, तेहरान में हुए हमलों में ईरान के प्रमुख अंतरिक्ष अनुसंधान केंद्र और वायु रक्षा प्रणाली से जुड़े एक कारखाने को निशाना बनाया गया.
इजराइली सेना का कहना है कि यह केंद्र सैन्य उपग्रहों के विकास से जुड़ा हुआ था, जिनका उपयोग निगरानी, खुफिया जानकारी जुटाने और लक्ष्य निर्धारण के लिए किया जाता था. इजराइल के अनुसार, ये हमले ईरान के सैन्य ढांचे को कमजोर करने के उद्देश्य से चलाए जा रहे बड़े अभियान का हिस्सा हैं.
ऊर्जा व्यवस्था का महत्वपूर्ण केंद्र
खारग द्वीप फारस की खाड़ी के उत्तरी हिस्से में स्थित ईरान का बेहद अहम तेल निर्यात केंद्र है. यहां से ईरान के कच्चे तेल का लगभग 90 प्रतिशत निर्यात किया जाता है. द्वीप पर बड़े तेल भंडारण केंद्र और ऐसे जेटी मौजूद हैं जहां विशाल सुपरटैंकरों में तेल लोड किया जाता है. इस वजह से खारग द्वीप को ईरान की ऊर्जा व्यवस्था का सबसे महत्वपूर्ण केंद्र माना जाता है.