अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच संघर्ष बढ़ता ही जा रहा है. अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त रूप से ईरान पर हमला किया, जिसमें ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई. जिसके बाद ईरान ने बदला लेने के लिए क्षेत्र भर में अमेरिकी और इज़राइली ठिकानों पर हमले तेज कर दिए हैं.
दुबई में अमेरिकी कॉन्सुलेट के पास मंगलवार की देर रात एक संदिग्ध ड्रोन हमला हुआ. हमले से पार्किंग क्षेत्र में आग लग गई, स्थानीय लोगों ने जोरदार धमाका सुना. जिसके बाद आसमान में आग की लपटें और धुआं उठता नजर आया. पुलिस ने आसपास की सड़कों को घेर लिया और लोगों को इलाके से दूर किया. सोशल मीडिया पर इस हमले के बाद का वीडियो तेजी से फैल रहा है, जिसमें आसमान में काला धुआं नजर आ रहा है.
इस घटना की पुष्टि करते हुए अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि ड्रोन कॉन्सुलेट के पास पार्किंग में गिरा, जिससे आग लग गई. रुबियो ने स्पष्ट किया कि इस घटना में सभी स्टाफ सुरक्षित हैं. उन्होंने इसे ईरान की तरफ से अमेरिकी डिप्लोमैटिक स्थलों पर हमले का हिस्सा बताया.
WATCH: Iranian drone hits U.S. Consulate in Dubai, no injuries reported.
— AZ Intel (@AZ_Intel_) March 3, 2026
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दुबई मीडिया ऑफिस ने एक्स पर पोस्ट शेयर करते हुए बताया कि आग पूरी तरह बुझा दी गई है. अधिकारियों ने सभी की सुरक्षा सुनिश्चित करने के वादे को दोहराया है. बुर्ज खलीफा जैसी इमारतों के ऊपर जेट की तेज आवाजें सुनाई दीं. इलाके को हाई अलर्ट पर रखा गया है. मंगलवार सुबह रियाद में अमेरिकी दूतावास पर एक नहीं बल्कि दो ड्रोन से हमला हुए. जिससे छोटी आग लगी.
Emirati officials have now confirmed that an Iranian one-way attack drone struck the U.S. Consulate tonight in Dubai, causing no injuries and a small fire which has since been contained and extinguished. pic.twitter.com/g6jm0O3Ezy
— OSINTdefender (@sentdefender) March 3, 2026
कुवैत में भी अमेरिकी दूतावास पर सोमवार को हमला हुआ, जिसके बाद आसमान ने काला धुआं का एक बड़ा गुब्बार नजर आया. ईरान खाड़ी देशों में अमेरिकी सैन्य अड्डों और अन्य ठिकानों को निशाना बना रहा है. संयुक्त अरब अमीरात ने कहा कि वह इस युद्ध में शामिल नहीं है.
विदेश मंत्रालय के बयान में कहा गया कि यूएई ने ईरानी हमलों के जवाब में अपनी रक्षा नीति नहीं बदली है. इसमें आगे कहा कि हमने अपने इलाके, समुद्र या हवाई क्षेत्र को ईरान के खिलाफ किसी हमले के लिए इस्तेमाल की इजाजत नहीं दी. यूएई ने 1,000 से ज्यादा हमलों का सामना किया, लेकिन जवाबी कार्रवाई नहीं की है. इस संघर्ष में धीरे-धीरे मिडिल ईस्ट के कई देश आ गए हैं. अमेरिका ने कई देशों में अपने नागरिकों को निकलने की सलाह दी है.