India-China Border Talks 2026: बीजिंग में WMCC बैठक, सीमा शांति और रिश्ते सुधारने पर सहमति
भारत और चीन के बीच बीजिंग में WMCC की 35वीं बैठक हुई. दोनों देशों ने सीमा क्षेत्रों में शांति, स्थिरता और द्विपक्षीय रिश्तों को मजबूत करने पर जोर दिया. सीमा पार नदियों और सैन्य-राजनयिक संवाद पर भी चर्चा हुई.
भारत-चीन सीमा मामलों में दोनों देशों के बीच बातचीत हुई है. बुधवार को बीजिंग में हुई बातचीत रचनात्मक और आपसी रिश्तों को बेहतर करने वाली बताई जा रही है. इस बैठक में भारत का नेतृत्व विदेश मंत्रालय के संयुक्त सचिव सुजीत घोष ने किया, जबकि चीनी प्रतिनिधिमंडल को नेतृत्व चीन के विदेश मंत्रालय में सीमा मामलों के विभाग के महानिदेशक होउ यानची कर रहे थे.
शांति व स्थिरता के प्रयासों पर संतोष जताया
डब्ल्यूएमसीसी की 35वीं बैठक में भारत-चीन सीमा क्षेत्रों की हालिया स्थिति की समीक्षा की गई. दोनों पक्षों ने सीमा क्षेत्रों में शांति व स्थिरता बनाए रखने के प्रयासों को संतोषजनक बताया गया और आपसी संबंधों को और बेहतर करने के लिए इस प्रक्रिया को तेज करने पर भी जोर दिया गया, ताकि द्विपक्षीय संबंध बेहतर बनाने के उद्देश्य को गति मिल सके. बैठक में दोनों देशों के बीच संवाद व संपर्क के जरिए सीमा निर्धारण और आपसी तालमेल बेहतर करने पर जोर दिया गया. दोनों देशों की ओर से सहमति जताई गई कि राजनयिक और सैन्य स्तर पर लगातार संपर्क कायम रखा जाएगा.
नदियों के मामले पर जल्द हो बैठक
इस वार्ता के दौरान भारत की ओर से सीमा पार नदियों से जुड़े मामलों पर विस्तृत चर्चा के लिए एक्सपर्ट लेबल मैकेनिज्म की अगली बैठक जल्द करने का प्रस्ताव रखा. इसके साथ ही चीन में होने वाली अगली विशेष प्रतिनिधि (एसआर) मीटिंग की ठोस तैयारी करने के लिए दोनों पक्षों ने सहमति जताई. बीजिंग दौरे पर पहुंचे विदेश मंत्रालय के संयुक्त सचिव सुजीत घोष ने चीन के एशियाई मामलों के विभाग के महानिदेशक श्लियू जिनसोंग और सहायक विदेश मंत्री होंग लेई से भी मुलाकात की.