नई दिल्ली: पश्चिमी लंदन के हाउंसलो इलाके में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां सिख समुदाय के सैकड़ों लोगों ने एक नाबालिग लड़की को कथित ग्रूमिंग से बचाने के लिए एकजुट होकर कार्रवाई की. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के बाद यह घटना राष्ट्रीय चर्चा का विषय बन गई. आरोप है कि एक व्यक्ति ने किशोरी को वर्षों तक बहला फुसलाकर परिवार से अलग किया. अब पुलिस मामले की जांच कर रही है.
सिख प्रेस एसोसिएशन के मुताबिक हाउंसलो में रहने वाली 16 वर्षीय सिख लड़की को एक व्यक्ति ने कथित तौर पर ग्रूमिंग के जरिए अपने प्रभाव में लिया. बताया गया कि आरोपी ने लड़की से तब संपर्क बढ़ाया जब वह करीब 13 साल की थी. जैसे ही लड़की के लापता होने की जानकारी फैली, सिख समुदाय के लोग बड़ी संख्या में एकत्र हुए और पुलिस से कार्रवाई की मांग की.
घटना के दौरान 200 से अधिक लोग मौके पर जमा हुए. घंटों चले शांतिपूर्ण विरोध के बाद पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लिया. इस दौरान लड़की के माता-पिता भी वहां मौजूद रहे. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में आरोपी को पुलिस वैन में ले जाते हुए देखा गया, जिसके बाद समुदाय ने राहत की सांस ली.
A 16 year old Sikh girl was groomed by a Pakistani Muslim man in his 40s. He took her into his flat and raped her along with 6 other Pakistani men. Over 200 members of the Sikh community gathered outside the flat to get their daughter back. They didn't bring swords or kirpans.… pic.twitter.com/EnfLltAbkM
— Rakesh Krishnan Simha (@ByRakeshSimha) January 14, 2026
एक सिख कम्युनिटी ग्रुप द्वारा साझा वीडियो में आरोपी से सवाल किए गए. पड़ोसियों ने आरोप लगाया कि वह नाबालिग लड़कियों से संदिग्ध तरीके से दोस्ती करता था. एक महिला ने दावा किया कि उसने आरोपी को पहले भी एक बेहद कम उम्र की लड़की के साथ देखा था. इन बयानों ने मामले को और गंभीर बना दिया.
ब्रिटेन में सक्रिय सिख यूथ यूके जैसे संगठनों ने ग्रूमिंग के बढ़ते मामलों को लेकर पहले भी सेमिनार और जागरूकता अभियान चलाए हैं. संगठनों का कहना है कि कमजोर परिवारों की लड़कियों को भावनात्मक दबाव और झूठे रिश्तों के जरिए फंसाया जाता है. इस मामले में भी समुदाय ने आगे आकर लड़की को सुरक्षित निकालने में अहम भूमिका निभाई.
ब्रिटेन में ग्रूमिंग गैंग्स का मुद्दा लंबे समय से संवेदनशील रहा है. बीते वर्षों में कई शहरों में ऐसे मामलों का खुलासा हुआ है. सरकार ने राष्ट्रीय स्तर पर जांच के आदेश दिए हैं. हाउंसलो की घटना ने एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं कि बच्चों की सुरक्षा के लिए समाज और प्रशासन को मिलकर और सख्त कदम उठाने की जरूरत है.