menu-icon
India Daily

31 हजार करोड़ लेकर फरार हो गई ये हसीना! अंडरवर्ल्ड से है कनेक्शन, समझिए कितनी खतरनाक है

इग्राटोवा ने अपनी क्रिप्टोकरेंसी के जरिए उसने 175 देशों के लोगों को चूना लगाया और उनके 31,580 करोड़ रुपए लेकर फरार हो गई. पुलिस आज तक इस मोस्ट वॉन्टेड अपराधी को पकड़ नहीं पाई है.

India Daily Live
31 हजार करोड़ लेकर फरार हो गई ये हसीना! अंडरवर्ल्ड से है कनेक्शन, समझिए कितनी खतरनाक है
Courtesy: social media

Crime News: 10 साल पहले एक महिला एक नहीं, दो नहीं पूरे 31,580 करोड़ लेकर चंपत हो गई और आज तक उसका कोई अता पता नहीं है. पिछले 10 साल से पुलिस इस महिला को खोज रही है लेकिन पुलिस के हाथ उसका कोई सुराग नहीं लगा. बुल्गारिया में जन्मीं जर्मन उद्यमी डॉ. रूजा इग्राटोवा ने  OneCoin नाम से अपनी एक क्रिप्टोकरेंसी लॉन्च की थी. इसके बाद उसने लाखों लोगों को इस करेंसी में पैसा लगाकर मालामाल होने के सपने दिखाए. कई लोग उसके बहकावे में आ गए और उन्होंने अपनी जीवन भर की गाढ़ी कमाई इस ऑनलाइन क्रिप्टोकरेंसी में लगा दी.

लाखों लोगों के करोड़ों लेकर हुई लापता

बस फिर क्या था 2017 में डॉ. रूजा इग्राटोवा ने बुल्गारिया के सोफिया से उड़ान भरी और फिर वह गायब हो गईं. इसके बाद आज तक उनका कोई पता नहीं चला. धोखाधड़ी के आरोप लगने के बाद इग्राटोवा FBI की मोस्ट वॉन्टेड लिस्ट में शामिल है. अपनी क्रिप्टोकरेंसी के जरिए उसने 175 देशों के लोगों को चूना लगाया और उनके 31,580 करोड़ रुपए लेकर फरार हो गई. कहा जाता है कि इग्राटोवा के संबंध बुल्गारिया अंडरवर्ल्ड से थे और OneCoin में लगाए गए पैसे का इस्तेमाल नशीली दवाओं की तस्करी के लिए किया जाता था.

जिसके साथ हुई फरार उसी ने कर दी हत्या

एफबीआई के अनुसार, डॉ. रूजा इग्राटोवा अपने बॉडीगार्ड के साथ एथेंस चली गई थी. उसका बॉडीगार्ड तो वापस लौट आया लेकिन इग्राटोवा कभी नहीं लौटी. बुल्गारिया के पूर्व डिप्टी मिनिस्टर इवान हिस्टानोव ने बताया कि उसका बॉडीगार्ड टाकी उसके साए की तरह रहता था. उन्होंने कहा, 'टाकी ही इग्राटोवा को सभी जांच एजेंसियों से बचाता रहा और इस वक्त कथित तौर पर दुबई में रहता है. इग्राटोवा अपनी सुरक्षा के लिए के लिए टाकी को हर महीने 90.2 लाख रुपए देती थी लेकिन आखिर में टाकी के इग्राटोवा से संबंध खराब हो गए.' 

बुल्गारिया के एक खोजी पत्रकार दिमितार स्टोयानोव की 2022 की रिपोर्ट का हवाला देते हुए बीबीसी ने कहा कि गायब होने के एक साल बाद ही इग्राटोवा की हत्या कर दी गई. बीबीसी ने कहा कि पत्रकार स्टोयानोव ने पुलिस को एक रिपोर्ट सौंपी थी जिसमें उन्होंने टाकी के बहनोई का हवाला देते हुए कहा था कि टाकी के आदेश पर 2018 में ही इग्राटोवा  की हत्या कर दी गई थी. इसके बाद उसके शरीर के टुकड़े कर  उन्हें आयोनियन सागर में एक नौंका में फेंक दिया गया.

टाकी पर बोझ बन गई थी इग्राटोवा

टाकी से जुड़े उसके साथी अपराधियों ने कहा कि इग्राटोवा  उस पर बोझ बन गई थी इसलिए उसने उसकी हत्या कर दी. वहीं इग्राटोवा से जुड़ी संपत्तियों के रिकॉर्ड बताते हैं कि  अब उसकी संपत्तियों का इस्तेमाल टाकी से जुड़े लोग कर रहे हैं.

क्या जिंदा है इग्राटोवा

वहीं पुलिस भी टाकी को कभी भी गिरफ्तार नहीं कर सकी क्योंकि पुलिस को ना तो इग्राटोवा की लाश मिली और ना ही टाकी के खिलाफ हत्या के कोई सबूत. हालांकि अभी भी इस तरह की अफवाह हैं कि इग्राटोवा आज भी जिंदा है और उस पैसे से कईं ऐश कर रही है.