US Israel Iran War

'मैंने ट्रंप का प्राइवेट पार्ट काट लिया था', एपस्टीन फाइल में खुला अमेरिकी राष्ट्रपति का सबसे घिनौना सच

महिला ने दावा किया है कि जब वह 15 साल की थी, तब कारोबारी जेफरी एपस्टीन ने उसकी मुलाकात ट्रंप से करवाई थी बाद में ट्रंप ने उसका यौन शोषण किया.

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Sagar Bhardwaj

अमेरिका में एक बार फिर जेफरी एपस्टीन से जुड़ा मामला चर्चा में आ गया है. अमेरिकी जस्टिस डिपार्टमेंट ने इस केस से जुड़े कुछ और दस्तावेज सार्वजनिक किए हैं. इन फाइलों में एफबीआई द्वारा लिया गया एक पुराना इंटरव्यू भी शामिल है जिसमें एक महिला ने ट्रंप पर गंभीर आरोप लगाए हैं.

जारी किए गए दस्तावेजों में एक महिला का इंटरव्यू दर्ज है. महिला ने दावा किया है कि जब वह 15 साल की थी, तब कारोबारी जेफरी एपस्टीन ने उसकी मुलाकात ट्रंप से करवाई थी बाद में ट्रंप ने उसका यौन शोषण किया. यह पूरा मामला तब का है जब महिला की उम्र 15 साल थी. महिला ने बताया कि ट्रंप ने अपनी पैंट की जिप खोली और उससे ओरल सेक्स करने को कहा. इससे नाराज होकर महिला ने ट्रंप का प्राइवेट पार्ट काट लिया था था जिसके बाद ट्रंप ने उसके साथ मारपीट की थी.

इंटरव्यू के नोट्स के अनुसार महिला ने बताया कि मुलाकात के दौरान वहां कुछ और लोग भी मौजूद थे, लेकिन उसे ठीक से याद नहीं कि वे कौन थे. इंटरव्यू के नोट्स के मुताबिक, ट्रंप ने वहां मौजूद लोगों से वहां से बाहर जाने को कहा और फिर कहा, 'मैं तुम्हें सिखाता हूं कि छोटी लड़कियों को कैसा होना चाहिए.' महिला ने आगे कहा कि इसके बाद ट्रंप ने अपनी पैंट की जिप खोली और उसका सिर अपने प्राइेवेट पार्ट के पास ले गए. उसने कहा कि उसने ट्रंप के प्राइवेट पार्ट को बुरी तरह काटा जिससे ट्रंप भड़क गए, जिसके बाद उन्होंने उसके बाल खींचे और सिर के साइड में मुक्का मारा.

 पहले गलती से सार्वजनिक नहीं हुई थीं फाइलें

जस्टिस डिपार्टमेंट के अधिकारियों का कहना है कि यह दस्तावेज पहले भी रिकॉर्ड में थे, लेकिन पिछली बार जब एपस्टीन से जुड़ी फाइलें जारी हुई थीं तब इन्हें गलती से डुप्लिकेट मान लिया गया था. इसी कारण ये सार्वजनिक नहीं हो पाए थे. अब दोबारा जांच के बाद इन्हें जारी किया गया है. यह इंटरव्यू साल 2019 में एफबीआई ने लिया था.

 ट्रंप ने आरोपों को बताया निराधार

डोनाल्ड ट्रंप ने पहले भी इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है. उनका कहना है कि उन्होंने कोई गलत काम नहीं किया और इन दावों में सच्चाई नहीं है. अभी तक इस मामले में ट्रंप के खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं हुआ है.

 व्हाइट हाउस ने आरोपों को बताया बेबुनियाद

व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने भी इन आरोपों को बेबुनियाद बताया है. उनका कहना है कि इन दावों के समर्थन में कोई पुख्ता सबूत सामने नहीं आया है. उन्होंने यह भी कहा कि आरोप लगाने वाली महिला का आपराधिक रिकॉर्ड रहा है, इसलिए इन दावों को सावधानी से देखना चाहिए.