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अचानक क्यों आसमान छूने लगे अंडो के दाम? खतरनाक है वजह, खाते हैं तो समय रहते हो जाएं सावधान

अमेरिका में बर्ड फ्लू के कारण अंडों की कीमतों में बढ़ोतरी ने उपभोक्ताओं के लिए मुश्किलें खड़ी कर दी हैं। अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रही, तो इससे खाद्य आपूर्ति श्रृंखला पर और भी अधिक दबाव पड़ सकता है। इसके लिए सरकार और उत्पादन क्षेत्र को मिलकर समाधान खोजना होगा ताकि कीमतों को नियंत्रित किया जा सके और उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।

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Reepu Kumari

अमेरिका में बर्ड फ्लू के मामलों में वृद्धि के कारण अंडों की कीमतें रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गई हैं. इस संकट ने न केवल उपभोक्ताओं को प्रभावित किया, बल्कि बाजार में अंडों की आपूर्ति में भी कमी आई है, जिससे कीमतों में अप्रत्याशित वृद्धि हुई है.

हालिया मासिक उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) के आंकड़ों से यह स्पष्ट हुआ कि जनवरी 2025 में अमेरिका के विभिन्न शहरों में एक दर्जन ‘ग्रेड A’ अंडों की औसत कीमत 4.95 डॉलर तक पहुंच गई. यह कीमत दो साल पहले के रिकॉर्ड 4.82 डॉलर से भी अधिक है. इस वृद्धि के कारण उपभोक्ताओं को भारी वित्तीय दबाव का सामना करना पड़ रहा है.

बर्ड फ्लू का प्रभाव और आपूर्ति संकट

बर्ड फ्लू, जो विशेष रूप से मुर्गियों को प्रभावित कर रहा है, ने अंडों की उत्पादन क्षमता को गंभीर रूप से प्रभावित किया है. फार्मों में संक्रमण फैलने के कारण मुर्गियों की संख्या में कमी आई है, जिससे अंडों की उपलब्धता पर असर पड़ा है. इसके परिणामस्वरूप अंडों की कीमतें बेतहाशा बढ़ गई हैं और उपभोक्ताओं के लिए ये एक अतिरिक्त आर्थिक बोझ बन गई हैं.

क्या हैं संभावित समाधान?

विशेषज्ञों का मानना है कि बर्ड फ्लू के प्रभावों को कम करने के लिए किसानों को बेहतर सुरक्षा उपायों की आवश्यकता है. इसके अलावा, अंडे उत्पादकों को अधिक प्रभावी निगरानी और नियंत्रण उपायों के साथ बर्ड फ्लू के प्रसार को रोकने के लिए काम करना होगा, ताकि बाजार में आपूर्ति में स्थिरता लाई जा सके और कीमतों में गिरावट हो सके.

अमेरिका में बर्ड फ्लू के कारण अंडों की कीमतों में बढ़ोतरी ने उपभोक्ताओं के लिए मुश्किलें खड़ी कर दी हैं. अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रही, तो इससे खाद्य आपूर्ति श्रृंखला पर और भी अधिक दबाव पड़ सकता है. इसके लिए सरकार और उत्पादन क्षेत्र को मिलकर समाधान खोजना होगा ताकि कीमतों को नियंत्रित किया जा सके और उपभोक्ताओं को राहत मिल सके.