menu-icon
India Daily

कश्मीर में हुए फैशन शो में ऐसा क्या हुआ कि मच गया हंगामा, लोग बोले- रमजान में ऐसा शो शर्मनाक, निशाने पर उमर अब्दुल्ला

स्थानीय लोगों ने भी इस शो पर अपनी नाराज़गी व्यक्त की है. श्रीनगर की रहने वाली सुमन लोन ने कहा, "यह कोई बुरी बात नहीं है कि कश्मीर में फैशन शो आयोजित किया गया हो, लेकिन जो अंदाज और समय चुना गया, वह सही नहीं था. कपड़े बहुत ही वल्गर थे और यह हमारी संस्कृति के खिलाफ था."

Sagar
Edited By: Sagar Bhardwaj
कश्मीर में हुए फैशन शो में ऐसा क्या हुआ कि मच गया हंगामा, लोग बोले- रमजान में ऐसा शो शर्मनाक, निशाने पर उमर अब्दुल्ला

जम्मू-कश्मीर के गुलमर्ग में आयोजित एक फैशन शो ने हाल ही में कश्मीर के समाज और राजनीति में हंगामा मचा दिया है. यह शो कई राजनीतिक दलों और जनता के निशाने पर आ गया है, जिनका मानना है कि रमज़ान के पाक महीने में ऐसा आयोजन शर्मनाक है. इस विवाद के बाद, जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने अधिकारियों से इस मामले की जांच रिपोर्ट तलब की है.

शो का आयोजन और विवाद
यह फैशन शो शुक्रवार को गुलमर्ग के बर्फ से ढके इलाके में हुआ था. इस कार्यक्रम का आयोजन कश्मीर के बाहर के फैशन डिजाइनरों, शिवन और नरेश ने किया था. जैसे ही इस शो की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हुईं, लोगों ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की. सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने इसे रमज़ान के महीने में आयोजन के तौर पर असंवेदनशील करार दिया. इस शो को लेकर राजनीतिक नेताओं ने भी कड़ी आलोचना की, खासकर इस समय में जब देशभर में धार्मिक और सांस्कृतिक संवेदनाओं को लेकर अधिक संवेदनशीलता दिखाई जाती है.

बीजेपी का बयान
जम्मू-कश्मीर बीजेपी के प्रवक्ता सुनील सेठी ने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के बयान पर सवाल उठाया कि उन्हें इस शो की जानकारी नहीं थी. उन्होंने आरोप लगाया कि उमर अब्दुल्लाह का यह बयान पूरी तरह से अस्वीकार्य है, क्योंकि रमज़ान के महीने में गुलमर्ग में ऐसे शो का आयोजन हुआ और मुख्यमंत्री को इस बारे में पहले से कोई जानकारी नहीं थी. सुनील सेठी ने यह भी पूछा कि अगर यह शो विंटर स्पोर्ट्स से संबंधित था, तो उसे समुचित तरीके से क्यों नहीं आयोजित किया गया?

आयोजकों का माफ़ी पत्र
जैसे ही विवाद बढ़ा, शो के आयोजकों ने एक सार्वजनिक बयान जारी किया, जिसमें उन्होंने इस आयोजन से किसी भी व्यक्ति की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के लिए खेद व्यक्त किया. फैशन डिजाइनरों शिवन और नरेश ने कहा, "हमारा उद्देश्य सिर्फ़ क्रिएटिविटी का जश्न मनाना था, बिना किसी की धार्मिक भावनाओं को आहत किए. अगर किसी को हमारी कोशिश से दुख पहुंचा है, तो हम तहेदिल से माफी चाहते हैं."

स्थानीय लोगों की राय
स्थानीय लोगों ने भी इस शो पर अपनी नाराज़गी व्यक्त की है. श्रीनगर की रहने वाली सुमन लोन ने कहा, "यह कोई बुरी बात नहीं है कि कश्मीर में फैशन शो आयोजित किया गया हो, लेकिन जो अंदाज और समय चुना गया, वह सही नहीं था. कपड़े बहुत ही वल्गर थे और यह हमारी संस्कृति के खिलाफ था."

एक अन्य स्थानीय युवक, खुर्शीद अहमद ने इस शो को निजी स्तर पर आयोजित करने की सलाह दी. उन्होंने कहा, "यह शो अगर पूरी तरह से निजी होता और सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय न बनता, तो शायद लोग इसे स्वीकार कर लेते. कश्मीर की अपनी एक संस्कृति है और इस मामले में संवेदनशीलता बरतनी चाहिए थी."