पश्चिम बंगाल के फलता विधानसभा सीट पर गुरुवार को दूसरी बार वोट डाले गए, जिसके बाद आज यानी रविवार को कड़ी सुरक्षा के बीच वोटों की गिनती की जा रही है. वोटों की गिनती सुबह 8 बजे शुरू हो चुकी है और 21 राउंड तक गिनती की जाएगी. यह चुनाव तब चर्चा में आया, जब राज्य की 294 सीटों में से 207 पर बीजेपी की जीत हुई और फिर टीएमसी के उम्मीदवार ने चुनाव से हटने का फैसला कर लिया.
बंगाल में 29 अप्रैल को दूसरे चरण के मतदान के दौरान वोटिंग मशीनों से छेड़छाड़ और चुनावी गड़बड़ियों के आरोपों के बाद इस विधानसभा क्षेत्र के सभी 285 बूथों पर दोबारा मतदान का आदेश दिया गया था. जिसके बाद 21 मई यानी गुरुवार को वोटिंग दोबारा कराई गई, जिसमें 87 प्रतिशत वोट डाले गए.
दक्षिण 24 परगना जिले के इस विधानसभा क्षेत्र में दोगुनी सुरक्षा के साथ दोबारा वोटिंग कराई गई. निष्पक्ष और स्वतंत्र चुनाव सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय बलों की लगभग 25 कंपनियां तैनात की गई. फलता को टीएमसी का गढ़ बताया जाता है, यह सीट लोकसभा सांसद अभिषेक बनर्जी के गढ़ डायमंड हार्बर में स्थित है.
फलता सीट से 6 उम्मीदवार मैदान में खड़े हैं. बीजेपी की ओर से देवांग्शु, कांग्रेस से अब्दुर रज्जाक मोल्ला, CPM की ओर से शंभू नाथ कुर्मी और दो निर्दलीय उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं. टीएमसी उम्मीदवार ने अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली. राज्य में बीजेपी सरकार बनने के बाद इस सीट पर काफी उथल-पुथल देखने को मिली.
दोबारा मतदान से ठीक दो दिन पहले टीएमसी नेता जहांगीर खान ने चुनाव से हटने का ऐलान किया. उनके इस फैसले के पीछे मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी द्वारा किए गए विशेष पैकेज के ऐलान का कारण बताया गया. उन्होंने कहा कि मैंने फलता के हित में अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली है. हालांकि टीएमसी ने उनके इस फैसले से खुद को अलग किया है.
चुनाव आयोग द्वारा इस सीट पर दोबारा वोटिंग के आदेश इसलिए दिए गए क्योंकि दूसरे चरण के मतदान के दौरान वोटिंग मशीनों पर चिपकने वाले टेप और परफ्यूम जैसी चीजें लगाए जाने की शिकायत की गई. जिसके बाद कैमरों की जांच की गई, जिसमें कथित तौर पर छेड़छाड़ की कोशिश की गई थी.