Twisha Death Case: ‘कोई रास्ता नहीं बचा था’, CBI की चार्जशीट में पति और सास पर मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप

सीबीआई की चार्जशीट में दावा किया गया है कि ट्विशा शर्मा को पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह की कथित मानसिक प्रताड़ना का सामना करना पड़ा. एजेंसी ने इसे आत्महत्या के पीछे अहम वजह बताया.

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Kuldeep Sharma

ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में सीबीआई की चार्जशीट से कई अहम बातें सामने आई हैं. जांच एजेंसी ने पति और सास पर लंबे समय तक मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया है. चार्जशीट में व्हाट्सऐप संदेश, काउंसलिंग रिकॉर्ड, कॉल, सीसीटीवी और फॉरेंसिक जांच को भी सबूतों का हिस्सा बताया गया है.

लंबे समय की मानसिक प्रताड़ना का आरोप

सीबीआई के मुताबिक शादी के बाद ट्विशा को लगातार मानसिक परेशानी और कथित उत्पीड़न का सामना करना पड़ा. एजेंसी का आरोप है कि समर्थ सिंह अक्सर उसे अपमानित करते और मानसिक रूप से परेशान करते थे, जबकि सास गिरिबाला सिंह कथित तौर पर बेटे के व्यवहार का समर्थन करती थीं. जांच में कहा गया कि दोनों के बीच कथित तौर पर लंबे समय तक एक जैसी भूमिका रही. ट्विशा ने परिवार और रिश्तेदारों से बातचीत में खुद को भावनात्मक रूप से परेशान और अपने वैवाहिक घर में फंसा हुआ बताया था.

 गर्भावस्था और रिश्ते में बढ़ा तनाव

चार्जशीट के अनुसार ट्विशा अप्रैल 2026 में गर्भवती हुई थीं, लेकिन वैवाहिक रिश्ते में चल रही कथित परेशानियों के बीच वह गर्भ जारी रखने को लेकर असमंजस में थीं. बाद में उन्होंने गर्भपात कराने का फैसला लिया, जिसे लेकर परिवार में तनाव और बढ़ने का आरोप है. सीबीआई के मुताबिक ट्विशा ने अपने माता-पिता से कई बार मदद मांगी और अपने जीवन को दोबारा व्यवस्थित करने की इच्छा जताई. वह भोपाल से बाहर नौकरी करके अपना करियर फिर शुरू करना चाहती थीं.


पैसों को लेकर भी विवाद का दावा

जांच एजेंसी ने दांपत्य विवाद में आर्थिक मुद्दे को भी एक कारण बताया है. चार्जशीट के अनुसार ट्विशा पर करीब 20 लाख रुपये के निवेश को उनके डीमैट खाते से समर्थ सिंह के साथ संयुक्त खाते में स्थानांतरित करने का कथित दबाव बनाया गया था. ट्विशा ने यह मांग नहीं मानी, जिसके बाद कथित मानसिक तनाव बढ़ने की बात कही गई है. चार्जशीट में परिवार की दूसरी बहू दिव्या सिंह से जुड़े कथित उत्पीड़न का भी उल्लेख है, जिसे सीबीआई ने परिवार में व्यवहार के एक संभावित पैटर्न के रूप में दर्ज किया है.

जांच में वैज्ञानिक साक्ष्य भी शामिल

सीबीआई ने अपनी जांच में सीसीटीवी फुटेज, फॉरेंसिक मनोवैज्ञानिक आकलन, गवाहों के बयान और ट्विशा के निजी संदेशों का सहारा लिया है. दोनों पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण मृत्यु से पहले फांसी लगना बताया गया और शरीर पर हमले से जुड़ी चोटें नहीं मिलीं. एजेंसी ने समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह पर भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में आरोप लगाए हैं. हालांकि जांच अभी पूरी नहीं हुई है और फोन, सीसीटीवी डीवीआर तथा आवाज के नमूनों से जुड़ी कुछ फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार है. चार्जशीट में लगाए गए आरोपों का अंतिम फैसला अदालत में सुनवाई के बाद होगा.