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India Daily

Ayodhya Ke Ram : राम मंदिर के गर्भगृह से आईं रामलला की मूर्ति की मनमोहक तस्वीरें, आज होंगे ये अनुष्ठान

Ayodhya Ke Ram : अयोध्या में बन रहे राम मंदिर के गर्भगृह में रामलला की मूर्ति के अचल विग्रह को पहुंचा दिया गया है. मूर्ति की पहली तस्वीरें भी सामने आ गई हैं. 

Mohit Tiwari
Edited By: Mohit Tiwari
Ayodhya Ke Ram : राम मंदिर के गर्भगृह से आईं रामलला की मूर्ति की मनमोहक तस्वीरें, आज होंगे ये अनुष्ठान

हाइलाइट्स

  • बालस्वरूप में विराजमान होंगे रामलला
  • 22 जनवरी को होगी प्राणप्रतिष्ठा

Ayodhya Ke Ram : अयोध्या के राम मंदिर में अचल विग्रह को मंदिर के गर्भगृह में पहुंचा दिया गया है. इसकी तस्वीरें भी आ गई हैं. गर्भगृह में लाई गई यह मूर्ति प्रभु श्रीराम के बाल स्वरूप की है. हालांकि अभी मूर्ति ढकी हुई है. 22 जनवरी को इस मूर्ति की प्राणप्रतिष्ठा होनी है. 21 जनवरी को जीवनदायी तत्वों से इस मूर्ति को सुवासित कराया जाएगा. इसका प्रारंभ गुरुवार से हो गया है. 

यहां पर होगा प्रसारण

प्राण प्रतिष्ठा के कार्यक्रम को दूरदर्शन पर प्रसारित किया जाएगा. देश के सभी मंदिरों में उस समय भक्तों के होने की उम्मीद है. 

जारी किए गए हैं डाक टिकट

प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम की तैयारियों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को श्रीराम जन्मभूमि मंदिर को समर्पित छह विशेष स्मारक डाक टिकट जारी किए हैं. इसके साथ ही दुनिया के अलग-अलग देशों में प्रभु श्रीराम से जुड़े जो डाक टिकट जारी हुए हैं, उनका भी एक एलबम पीएम मोदी ने जारी किया है. 

पीएम मोदी ने कही ये बात

भारत और विदेशों में मौजूद रामभक्तों को वीडियो संदेश के माध्यम से बधाई देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वाल्मीकि रामायण को कोट करते हुए कहा कि 'जब तक पृथ्वी,पर्वत, नदियां हैं, तब तक रामायण की कथा, श्रीराम का व्यक्तित्व लोक समूह में प्रचारित होगा.'

शुक्रवार को होंगे ये अनुष्ठान

मंदिर के ट्रस्ट के अनुसार 19 जनवरी 2024 दिन शुक्रवार को सुबह 9 बजे अरणिमन्थन से अग्नि प्रकट की जाएगी. इसे पहले गणपति आदि देवताओं का पूजन, द्वारपालों द्वारा सभी शाखाओं का वेदपारायण, देव प्रबोधन, औषधाधिवास, केसराधिवास, घृताधिवास, कुण्डपूजन, पंच्चभूसंस्कार किया जाएगा. 

क्रेन की मदद से राम मंदिर परिसर में पहुंची रामलला की मूर्ति.

इसके साथ ही अरणिमंथन से प्रकट की गई अग्नि की कुण्ड में स्थापना, ग्रहस्थापना, असंख्यात रुद्रपीठस्थापन, प्रधानदेवतास्थापन, राजाराम-भद्र-श्रीरामयंत्र- बीठदेवता-अङ्गदेवता - आवरणदेवता - महापूजा, वारुणमण्डल, योगिनीमण्डलस्थापन, क्षेत्रपालमण्डलस्थापन, ग्रहहोम, स्थाप्यदेवहोम, प्रासाद वास्तुश्शान्ति, धान्याधिवास सायंकालीन पूजन और आरती की जाएगी.