नई दिल्ली: दिल्ली के सेंट स्टीफंस हॉस्पिटल में रेप पीड़िता से मिलने पहुंचीं दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने अस्पताल के फर्श पर बैठकर रात बिताई है. दरअसल, कल यानी सोमवार को दोपहर करीब 12 बजे स्वाति मालीवाल पीड़िता और उसके परिवार से मिलने के लिए अस्पताल पहुंचीं इस दौरान अस्पताल प्रशासन द्वारा पीड़िता से मिलने के लिए मना करने पर वह धरने पर बैठ गईं हैं. स्वाति मालीवाल की मांग है कि उन्हें पीड़िता से मिलने दिया जाए और आरोपी के खिलाफ जल्द से जल्द सख्त कार्रवाई की जाए.
'पीड़िता से मिले बिना नहीं जाउंगी'
दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल का कहना है कि नेशनल कमीशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड राइट्स की तरफ से मुलाकात करने की इजाजत दी गई है लेकिन पुलिस उन्हें पीड़िता और उसके परिवार से मिलने नहीं दे रही है. उन्होंने आगे कहा कि मुझे जब तक पीड़िता से मिलने नहीं दिया जाएगा तब तक मैं यहां से नहीं जाऊंगी.
कल दोपहर 12 बजे से मैं पीड़िता बच्ची या उसके परिवार से मिलने के लिए अस्पताल के बाहर बैठी हूँ। रात को अस्पताल के बाहर ही सोई। NCPCR को लड़की की माँ से मिलवा सकते हैं तो मुझे क्यों रोकने के लिए बोला गया है ? क्या छुपाने की कोशिश है ? pic.twitter.com/9IC5LqCDCa
— Swati Maliwal (@SwatiJaiHind) August 22, 2023
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आरोपी और उसकी पत्नी गिरफ्तार
इस पूरे मामले को लेकर जानकारी साझा करते हुए पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि नाबालिग के साथ यौन उत्पीड़न के मामले में हमने दो लोगों को गिरफ्तार किया है. उनमें से एक 51 वर्षीय प्रेमोदय खाखा हैं जो जीएनसीटी के महिला एवं बाल विकास विभाग में उप निदेशक हैं और दूसरी आरोपी उनकी पत्नी सीमा रानी हैं.
जानिए क्या है पूरा मामला
दिल्ली महिला एवं बाल विकास विभाग में डिप्टी डायरेक्टर के पद पर तैनात एक अफसर पर एक नाबालिग बच्ची ने रेप का आरोप लगाया है. आरोपी ने पीड़िता से कई बार रेप किया था जिसके बाद पीड़िता गर्भवती हो गई थी. बुराड़ी पुलिस स्टेशन में आईपीसी की कई धाराओं के तहत मामला दर्ज है. इस मामले के बाद आरोपी अफसर को नौकरी से सस्पेंड कर दिया गया है. दिल्ली पुलिस ने सोमवार को आरोपी और उसकी पत्नी दोनों को गिरफ्तार कर लिया है.