नरेंद्र मोदी के शानदार 25 साल, कैसे बदलता गया सियासी सफर? CM से PM बनने तक की पूरी कहानी

नरेंद्र मोदी ने अक्टूबर 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शासन की शुरुआत की और मई 2014 तक इस पद पर रहे. इसके बाद 2014 में देश के प्रधानमंत्री बने और 2019 में दूसरी बार सत्ता में लौटे.

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Reepu Kumari

Modi 25 Years in Office: नरेंद्र मोदी के राजनीतिक सफर ने पिछले 25 वर्षों में कई बड़े पड़ाव देखे हैं. अक्टूबर 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री बनने से शुरू हुआ यह सफर 2014 में देश के प्रधानमंत्री पद तक पहुंचा. इसके बाद 2019 और 2024 के लोकसभा चुनावों में जीत के साथ उन्होंने लगातार तीन बार केंद्र की सत्ता संभाली. इस लंबे सफर में उनके सामने राजनीतिक चुनौतियां भी आईं और कई बड़े फैसले भी लिए गए.

अक्टूबर 2001-मई 2014: गुजरात के मुख्यमंत्री

  • नरेंद्र मोदी के राजनीतिक सफर में साल 2001 एक बड़ा मोड़ लेकर आया. गुजरात में स्थानीय चुनावों में पार्टी को झटका लगा था और कच्छ में आए विनाशकारी भूकंप से निपटने को लेकर तत्कालीन मुख्यमंत्री केशुभाई पटेल की सरकार पर सवाल उठे. इसी दौर में मोदी को गुजरात की सत्ता की जिम्मेदारी मिली. 
  • 2002 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी की जीत ने उनकी स्थिति मजबूत कर दी.
  • 2003 में गुजरात ने देश का पहला राज्य आपदा प्रबंधन कानून बनाया. इसी साल वाइब्रेंट गुजरात समिट शुरू हुआ, जिसका उद्देश्य राज्य की क्षमता दिखाना और निवेशकों को आकर्षित करना था.
  • 2006 में ज्योतिग्राम योजना शुरू हुई, जिसके तहत गांवों में भरोसेमंद तीन-फेज बिजली पर जोर दिया गया. जल्द ही 18,000 गांवों में नियमित बिजली पहुंचने लगी.
  • 2007 में सागरखेड़ू सर्वांगीण विकास योजना शुरू की गई. इसका लक्ष्य तटीय समुदायों के लिए बुनियादी ढांचे, आजीविका, सिंचाई, खारेपन पर नियंत्रण, तटीय सुरक्षा और मत्स्य विकास को साथ लेकर चलना था.
  • 2009 में गरीब कल्याण मेला शुरू हुआ. चेक डैम, खेत तालाब, रिचार्ज कुएं और नहरों पर भी काम हुआ. 332 किलोमीटर नहरों के जरिए अतिरिक्त बाढ़ के पानी का इस्तेमाल किया गया और नर्मदा का पानी सौराष्ट्र के जलाशयों तक पहुंचाया गया.
  •  बीजेपी नेतृत्व ने जून 2013 में मोदी को 2014 के चुनाव के लिए पार्टी की प्रचार समिति का प्रमुख बनाया. जल्द ही उन्हें प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किया गया.
  • 16 मई 2014 को बीजेपी ने 282 सीटें जीतकर बहुमत हासिल किया.

2014-2019: प्रधानमंत्री के रूप में पहला कार्यकाल

  • प्रधानमंत्री बनने के बाद मोदी सरकार ने जनधन योजना शुरू की. इसके तहत 59 करोड़ खाते खोले गए.
  • अगस्त 2026 तक डीबीटी के जरिए 320 योजनाओं और 56 मंत्रालयों में 53.2 लाख करोड़ रुपये हस्तांतरित किए जा चुके थे.
  • 15 अगस्त के लाल किले से दिए भाषण में मोदी ने महिलाओं को शौचालय की कमी से होने वाली परेशानियों का जिक्र किया और स्वच्छता अभियान की घोषणा की.
  • 2016 में उज्ज्वला योजना लाई गई. मई 2026 तक गरीब परिवारों की महिलाओं को 10.5 करोड़ मुफ्त एलपीजी कनेक्शन दिए जा चुके थे.
  • सरकार ने आयुष्मान भारत सहित सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का भी विस्तार किया.
  • जुलाई 2017 में जीएसटी लागू हुआ.

2019-2024: PM  मोदी का दूसरा कार्यकाल

  • जम्मू-कश्मीर को मिला विशेष संवैधानिक दर्जा अनुच्छेद 370 के तहत खत्म किया गया.
  • सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद अयोध्या में राम मंदिर निर्माण का रास्ता साफ हुआ और जनवरी 2024 में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा हुई.
  • 2019 में नागरिकता संशोधन कानून यानी सीएए पारित हुआ. 

2024: तीसरी बार सत्ता में वापसी

2024 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी ने पूरे आत्मविश्वास के साथ चुनावी मैदान में प्रवेश किया. पार्टी ने ‘अबकी बार 400 पार’ का नारा दिया, लेकिन नतीजों में उसे उम्मीद से बड़ा झटका लगा. बीजेपी अपने दम पर बहुमत हासिल नहीं कर सकी. हालांकि, सहयोगी दलों के साथ उसने बहुमत हासिल किया और सरकार बनाई. इस तरह नरेंद्र मोदी तीसरी बार प्रधानमंत्री बने. उनके तीसरे कार्यकाल में सेमीकंडक्टर निर्माण, स्टार्टअप और आत्मनिर्भरता पर जोर जारी है.