नई दिल्ली: ईरान में बढ़ती अशांति और विरोध प्रदर्शनों के बीच कई भारतीय नागरिक शुक्रवार रात देर से इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचे. ये लोग ईरान से लौटे हैं, जहां सुरक्षा स्थिति बिगड़ने के कारण भारतीय सरकार ने अपने नागरिकों को वहां से निकलने की सलाह दी थी. विदेश मंत्रालय ने कहा है कि वह स्थिति पर नजर रख रहा है और भारतीयों की सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाने को तैयार है.
ईरान में दिसंबर के अंत से शुरू हुए विरोध प्रदर्शन अब पूरे देश में फैल चुके हैं. शुरुआत तेहरान के ग्रैंड बाजार में ईरानी रियाल के मूल्य में भारी गिरावट से हुई थी, जो बाद में पानी की कमी, बिजली कटौती, बेरोजगारी और महंगाई जैसी समस्याओं पर केंद्रित हो गई. प्रदर्शन हिंसक हो गए हैं और इंटरनेट बंद होने से संपर्क में मुश्किल आई. कई भारतीयों ने बताया कि स्थिति बहुत खराब हो गई थी.
#WATCH | Several Indian nationals return to Delhi from Iran amid the evolving situation there. pic.twitter.com/DhbElJgBV8
— ANI (@ANI) January 16, 2026
एक लौटे हुए भारतीय ने बताया- 'वहां की स्थिति बहुत खराब है. भारत सरकार बहुत सहयोग कर रही है. दूतावास ने जल्द से जल्द निकलने की जानकारी दी। मोदी जी हैं तो हर चीज मुमकिन है.' वह एमबीबीएस की पढ़ाई के लिए शिराज में थे. दूसरे नागरिक ने कहा- 'हम वहां एक महीने से थे, लेकिन पिछले एक-दो हफ्तों में ही परेशानी शुरू हुई. बाहर निकलते थे तो प्रदर्शनकारी कार के सामने आ जाते थे, थोड़ी-बहुत परेशानी करते थे. इंटरनेट बंद था, परिवार से बात नहीं हो पाती थी, दूतावास से भी संपर्क नहीं हो रहा था. हम थोड़े चिंतित थे.'
जम्मू-कश्मीर के एक निवासी ने कहा- 'मैं जम्मू-कश्मीर का रहने वाला हूं. वहां के प्रदर्शन खतरनाक थे. भारतीय सरकार ने बहुत अच्छा प्रयास किया और छात्रों को वापस लाया.' कई छात्र और तीर्थयात्री इस फ्लाइट से लौटे, जिनमें जम्मू-कश्मीर के 60 से ज्यादा लोग शामिल थे. उनके परिवार वाले हवाई अड्डे पर इंतजार कर रहे थे और राहत की सांस ले रहे थे. भारतीय दूतावास ने तेहरान में सलाह जारी की कि छात्र, तीर्थयात्री, व्यापारी और पर्यटक उपलब्ध किसी भी माध्यम से, जैसे कमर्शियल फ्लाइट्स, ईरान छोड़ दें.
विदेश मंत्रालय ने 5 जनवरी की सलाह दोहराते हुए कहा कि ईरान यात्रा न करें और वहां रहने वाले सावधान रहें, प्रदर्शनों से दूर रहें. 14 जनवरी को नई एडवाइजरी में सभी को निकलने को कहा गया. ये पहली फ्लाइट्स में से कुछ थीं, जैसे महान एयर और एयर अरेबिया से आने वाली. सरकार ने छात्रों और अन्य नागरिकों को सुरक्षित निकालने के लिए संपर्क बढ़ाया. लौटे लोगों ने सरकार और दूतावास का आभार जताया कि समय पर मदद मिली. ईरान में स्थिति अभी भी तनावपूर्ण है, इसलिए सरकार भारतीयों से सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर संपर्क करने की अपील कर रही है.