भारत-चीन के बीच LAC को लेकर आई गुड न्यूज़, लद्दाख में पेट्रोलिंग का काम हो गया पूरा!

India-China border: भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में LAC (line of actual control) पर अब विवाद जल्द ही ख़त्म हो सकता है। बता दे, देपसांग और डेमचॉक में गतिरोध समाप्त करने के लिए हाल ही में बनी सहमति के बाद इन कुछ पॉइंट पर स्वतंत्र रूप से गश्त शुरू कर दी है. वही दूसरी पट्रोलिंग डेमचॉक के एक अन्य पॉइंट पर जल्द ही की जाएगी.

Anubhaw Mani Tripathi

India-China border: भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में LAC (line of actual control) पर देपसांग और डेमचॉक में गतिरोध समाप्त करने के लिए हाल ही में बनी सहमति के बाद, भारतीय सेना ने 7 में से 6 पॉइंट पर स्वतंत्र रूप से गश्त शुरू कर दी है. अब तक देपसांग के सभी 5 पॉइंट पर पट्रोलिंग पूरी हो चुकी है और डेमचॉक के 2 में से 1 पॉइंट पर गश्त पहले ही हो चुकी थी. दूसरी पट्रोलिंग डेमचॉक के एक अन्य पॉइंट पर जल्द ही की जाएगी.

मौसम के कारण देरी

सूत्रों के मुताबिक, डेमचॉक के एक पॉइंट पर भारतीय सेना की गश्त के लिए पूरी तैयारी की जा चुकी है, लेकिन क्षेत्र में मौसम बेहद खराब है. ऐसे में गश्त को आज या कल पूरा करने की उम्मीद जताई जा रही है. इसके बाद, अप्रैल 2020 से पहले की तरह सीमा पर भारतीय और चीनी सेनाओं की गश्त नियमित रूप से शुरू हो जाएगी.

दोनों देशों की सेनाओं द्वारा गश्त पूरी करने के बाद, अप्रैल 2020 से पहले की पैटर्न के अनुसार गश्त का सिलसिला जारी रहेगा. चीन ने देपसांग के 4 पॉइंट और डेमचॉक के 1 पॉइंट पर भारतीय सेना के साथ गश्त शुरू कर दी है, जिससे दोनों देशों की सेनाओं के बीच सहयोग बढ़ेगा.

वफर जोन पर बनी सहमति की दिशा में कदम

अब LAC पर अगला टारगेट वफर जोन पर सहमति बनाना है. शीघ्र ही इस पर गश्त शुरू होने की चर्चा हो सकती है. पूर्वी लद्दाख के पैंगोंग इलाके, गलवान के पीपी-14, गोगरा और हॉट स्प्रिंग क्षेत्र में, जहां डिसइंगेजमेंट (सैन्य वापसी) प्रक्रिया पूरी की गई थी, वहां अब तक गश्त नहीं की गई है. इन क्षेत्रों को वफर जोन के रूप में चिन्हित किया गया है, जहां न तो चीनी सैनिक पेट्रोलिंग कर सकते हैं और न ही भारतीय सैनिक.